वर्ष 2021 का लखनपुर थाने के अंतर्गत बसंतपुर का है मामला
कठुआ। जिला न्यायिक मोबाइल मजिस्ट्रेट (ट्रैफिक) ने अवैध तरीके से दुकान पर शराब रखने और कारोबार करने मामले में तीन आरोपियों को बरी किया है। आदेश के अनुसार पुलिस की ओर से मौके पर जब्त सामग्री न तो सील की गई थी और न ही किसी प्रयोगशाला से साबित किया किया गया कि वह शराब थी। कोर्ट ने कहा कि अभियोजन पक्ष आरोपियों को अपराध को साबित करने में विफल रहा है।
कोर्ट में पुलिस की ओर से पेश की रिपोर्ट के अनुसार मामला लखनपुर थाना के अंतर्गत 25 मार्च 2021 का बसंतपुर इलाके का है। पुलिस चौकी बसंतपुर को सूचना मिली थी कि इलाके में कुछ लोगों अवैध तरीके से शराब का कारोबार कर रहे हैं। इसके बाद पुलिस ने मामले मेें तीन आरोपियों-रवि सिंह, बलवान सिंह और रणवीर सिंह को मौके पर गिरफ्तार कर लिया। मौके पर पुलिस ने एक व्हिस्की की बोतल और डिस्पोजेबल गिलास बरामद किए गए थे। इसके बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ आबकारी अधिनियम की धारा 50 और 50 ए के तहत मामला दर्ज कर मामले में चालान को कोर्ट में प्रस्तुत किया गया। मामले में जांच एक सहायक उप निरीक्षक (एएसआई) द्वारा की गई थी। अदालत की सुनवाई के दौरान कोर्ट ने माना कि मौके से बरामद सामग्री को न तो सील किया गया और न ही किसी प्रयोगशाला रिपोर्ट से साबित किया गया कि वह शराब थी। इसके अलावा सभी गवाह पुलिसकर्मी है और अभियोजन पक्ष द्वारा एक भी स्वतंत्र गवाह को शामिल नहीं किया गया है। वहीं, मामले की जांच एएसआई की ओर से की गई जबकि कानून के अनुसार केवल सब-इंस्पेक्टर या उससे उच्च अधिकारी ही ऐसे मामलों की जांच करने के लिए सक्षम होते हैं। दोनों पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने तीनों आरोपियों को बरी करने का फैसला सुनाया गया। अदालत ने निर्देश दिया कि जब तक अपील की अवधि समाप्त नहीं होती, आरोपियों की जमानत और व्यक्तिगत बांड प्रभावी रहेंगे। बरामद सामग्री को अपील अवधि के बाद नष्ट कर दिया जाए।