जम्मू जाने वाली बस में सवारियां बैठाने से इंकार, आधे घंटे तक चला विवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। शहर के न्यू बस स्टैंड से जम्मू के लिए संचालित होने वाली ई-बस सेवा वीरवार सुबह विवादों में घिर गई। सुबह करीब 10 बजे रवाना होने वाली ई-बस के चालक और परिचालक ने जब सवारियां बैठाने से इंकार किया तो यात्रियों का गुस्सा फूट पड़ा। लोगों ने बस के सामने विरोध जताते हुए आरोप लगाया कि सरकारी बस सेवा का संचालन मनमाने ढंग से किया जा रहा है। इससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
यात्रियों का कहना था कि वे घंटों ई-बस का इंतजार कर रहे थे। जब स्टैंड से बाहर बस आई तो चालक-परिचालक ने तकनीकी खराबी का हवाला देते हुए यात्रियों को बैठाने से मना कर दिया। भीषण गर्मी के बीच इस तरह का व्यवहार यात्रियों के लिए परेशानी का कारण बन गया। कुछ महिला यात्रियों ने आरोप लगाया कि सरकार की ओर से महिलाओं को सरकारी बसों में निशुल्क यात्रा की सुविधा दी गई है, लेकिन कई बार चालक और परिचालक उनके साथ अभद्र व्यवहार करते हैं।
उनका कहना था कि न्यू बस स्टैंड से उन्हें यह कहकर बस में बैठाने से मना कर दिया जाता है कि बस की सवारी कालीबाड़ी से शुरू होगी और वे वहीं से बस में चढ़ें। महिलाओं ने इसे अनावश्यक रूप से परेशान करने वाला रवैया बताया। विवाद के दौरान बस परिचालक लगातार यह कहता रहा कि बस में तकनीकी खराबी है। उसके अनुसार, टायर में हवा भरवाने के बाद भी पंचर होने के कारण वाहन चलाना सुरक्षित नहीं था।
उन्होंने बताया कि अधिकारियों के स्पष्ट निर्देश हैं कि इलेक्ट्रिक बसों की मरम्मत बाहर नहीं कराई जा सकती, इसलिए वह यात्रियों को लेकर रवाना होने की स्थिति में नहीं थे। करीब आधे घंटे तक चली बहस के बाद सुबह 11 बजे जम्मू जाने वाली दूसरी ई-बस पहुंची, जिसके बाद यात्रियों को वैकल्पिक व्यवस्था मिल गई और मामला शांत हो गया। हालांकि, यात्रियों ने परिवहन विभाग से ई-बस सेवा के संचालन में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की है।