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Kathua News: गैस किल्लत के बीच इंडक्शन कुकटॉप बना घरों का सहारा

Tue, 31 Mar 2026 02:56 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
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पश्चिम एशिया में युद्ध से गैस आपूर्ति प्रभावित, इंडक्शन कुकटॉप की मांग बढ़ी, दामों में उछाल
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संवाद न्यूज एजेंसी

कठुआ। पश्चिम एशिया में जारी युद्ध से घरेलू रसोई गैस की आपूर्ति प्रभावित होने लगी है। ऐसे हालात में इंडक्शन कुकटॉप घरों में भोजन बनाने का नया विकल्प बनकर लोकप्रिय हो रहा है। बाजार में इसकी खरीद का क्रम शुरू हो गया है और ग्राहकों का रुझान इसके दामों में बढ़ोतरी के बावजूद बढ़ रहा है।

करीब एक दशक पहले भारतीय बाजार में आम तौर पर आने वाले इंडक्शन कुकटॉप के प्रति लोगों का रुझान नगण्य था लेकिन अब इसमें तेजी आ गई है। जनरल ब्रांड के कुकटॉप पहले लगभग 1500 रुपये में उपलब्ध थे। अब पूरी तरह से आउट ऑफ स्टॉक हो चुके हैं। ब्रांडेड मॉडल 3000 रुपये तक मिलते थे अब 400 से 500 रुपये महंगे होकर 3500 रुपये तक पहुंच गए हैं।
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घर में इंडक्शन कुकटॉप का इस्तेमाल कर रही हूं। गैस सिलिंडर मिल तो रहा है लेकिन वितरण नियम इतने सख्त हैं कि डर है कहीं आपूर्ति पूरी तरह बंद न हो जाए। इसलिए सिलिंडर बचाकर इंडक्शन का इस्तेमाल कर रही हूं।
- कामिनी महाजन, गृहिणी
मांग इतनी बढ़ गई है कि सस्ते मॉडल पूरी तरह गायब हैं। महंगे मॉडल भी अलग-अलग कंपनियों के हिसाब से 400 से 500 रुपये महंगे हो चुके हैं। इन दिनों घरों में भोजन तैयार करने के लिए बिजली से चलने वाले अन्य उपकरणों जैसे राइस कुकर, मिल्क बॉयलर और इलेक्ट्रिक केतली की मांग भी बढ़ रही है। सबसे ज्यादा दबाव इंडक्शन बेस कुकटॉप और इंफ्रारेड कुकटॉप पर है। - रविकांत शर्मा, इलेक्ट्रॉनिक्स कारोबारी
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वहीं, बाजार में रसोई गैस का विकल्प तलाशने पहुंचा हूं। बाजार में मांग बढ़ने पर मूल्य वृद्धि स्वाभाविक है। अगर गैस आपूर्ति में सुधार नहीं हुआ तो आने वाले दिनों में इंडक्शन और अन्य बिजली आधारित उपकरणों की मांग और दाम दोनों बढ़ सकते हैं।
- जरनैल सिंह, ग्राहक
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