कठुआ। उत्तर भारत के पहले होम्योपैथिक कॉलेज में जनवरी माह में कक्षाएं शुरू हो जाएंगी।
भारत सरकार के आयुष मंत्रालय, नेशनल कमीशन फॉर होम्योपैथी की ओर से राजकीय होम्योपैथिक कॉलेज और अस्पताल के लिए मंजूर 63 अंडर ग्रजुऐट, बीएचएमएस कोर्स की सीटों को भरने की प्रक्रिया पूरी हो गई है। मेक शिफ्ट अरेंजमेंट के तहत जीएमसी कठुआ की इमारत में ही फिलहाल होम्योपैथी कॉलेज की कक्षाएं चलेंगी।
राजबाग के रख होशियारी में होम्योपैथिक कॉलेज की इमारत को तैयार किया जाना है। होम्योपैथिक कॉलेज की 30 बेड की आईपीडी शहर के बीचों बीच महात्मा गांधी अस्पताल में शुरू कर दी गई है। पहले सत्र में दाखिले के ऑल इंडिया कोटे के अलावा प्रदेश कोटे से सीटों को भरा गया है। बीस दिसंबर तक इस प्रक्रिया को पूरा करने की समय सीमा निधार्रित की गई थी। उधर, कॉलेज प्रबंधन अब कक्षाएं शुरू करने को लेकर तैयारियों में जुट गया है।
जीएमसी कठुआ के प्रधानाचार्य डॉ. सुरेंद्र अत्री ने बताया कि जनवरी महीने में फाउंडेशन कोर्स शुरू करने की तैयारी है। एक सप्ताह तक इस कोर्स के बाद कक्षाएं शुरू कर दी जाएंगी। उन्होंने बताया कि होम्योपैथी कॉलेज की कक्षाओं के सुचारू संचालन के लिए आठ फैकल्टी सदस्य उपलब्ध हैं। साथ ही आठ मेडिकल अधिकारी भी सेवाएं देंगे। टाइम टेबल बनाने की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है।
राजकुमार शर्मा सेवानिवृत्त बैंक मैनेजर।संवाद
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राजकुमार शर्मा सेवानिवृत्त बैंक मैनेजर।संवाद