कठुआ। दियाला चक के बन्नू चक गांव में श्री मद् भागवत कथा का आगाज हो गया है। सात दिनों तक चलने वाली इस कथा से पूर्व सभी गांव वासियों और मुख्य यजमान ने कथाव्यास संत सुभाष शास्त्री महाराज का भव्य स्वागत किया और व्यास पूजन करके उनसे आशीर्वाद लिया। इसके साथ कथा का शुभारंभ हुआ। पहले दिन की कथा के दौरान कथाव्यास ने कहा कि इस धरा पर जन्म लेने वाला हर मनुष्य परमगति को प्राप्त करना चाहता है। इसके लिए उसे प्रभु महिमा को समझकर नाम जप और ध्यान को अपने जीवन में स्थान देना होगा।
संत सुभाष शास्त्री ने कहा कि हर कोई सदैव ही शांति की अभिलाषा करता है परंतु वह उसे प्राप्त नहीं होती है। इसका कारण उसके मन में व्याप्त बेशुमार कामनाएं होती हैं। उन्होंने कहा कि जो मनुष्य संपूर्ण कामनाओं को त्याग कर कामना-रहित हो जाता है। वही शांति को प्राप्त होता है। वास्तविकता यह है कि धन से बहुत कुछ खरीदा जा सकता है पर धन देकर शांति प्राप्त नहीं की जा सकती है। धन से सुख-सुविधा के साधन ही खरीदे जा सकते हैं लेकिन शांति नहीं खरीदी जा सकती। शास्त्री ने कहा कि हर मनुष्य को विशेषकर ज्ञान के जिज्ञासु को धर्म का पालन करते हुए जीवन-यापन करना चाहिए।