बिलावर। इलाके में पिछले एक महीने से बारिश नहीं हुई है। इसकी वजह से खेतों में लगाई गई फसलों को नुकसान पहुंचाने लगा है। गेहूं की पैदावार पर भी खेतों में नमी न होने से असर पड़ने लगा है।
किसान विद्यासागर, जोगेंद्र सिंह, रोशन पुरोहित और बिशन दास ने बताया कि पिछले एक महीने से बारिश नहीं हुई। इसकी वजह से गेहूं की फसल पीली पड़ने लगी है। उन्होंने कहा कि पिछले दो दिनों से आसमान में बादल छाए हुए हैं लेकिन बारिश नहीं हो रही है। दरअसल बिलावर उपमंडल के अधिकांश हिस्सों में सिंचाई के साधन नामात्र हैं।
किसानों ने कहा कि उप मंडल के ज्यादातर हिस्सों में लगाई गई अलग-अलग फसलों को इस समय बारिश की सख्त जरूरत है। किसानों ने बताया कि एक महीना पहले बारिश हुई थी और मौजूदा समय में खेतों में नमी कम होने की वजह से गेहूं की फसल और अदरक, लहसुन आदि सब्जियों की पैदावार पर असर पड़ने लगा है। इससे किसानों की चिंता बढ़ रही है। किसानों ने कहा कि जिस प्रकार से मौसम चल रहा है इससे बारिश की संभावना भी नहीं बन रही है। ऐसे में फसलों पर संकट और अधिक गहराने लगा है। किसानों ने सरकार से मांग की है कि उपमंडल के जिन इलाकों में सिंचाई की व्यवस्था नहीं है उन इलाकों में सिंचाई की व्यवस्था के लिए परियोजनाएं बनाई जाएं। इससे किसानों को फसलों के लिए बारिश पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। बता दें कि उपमंडल के 90 फीसदी से अधिक इलाकों में आज तक सरकार की ओर से सिंचाई की व्यवस्था उपलब्ध नहीं हो पाई है।