कठुआ। कोलकाता के अस्पताल में महिला रेजीडेंट डॉक्टर के साथ हुई दरिंदगी के विरोध में जीएमसी कठुआ के रेजीडेंट डॉक्टरों ने प्रदर्शन किया। जीएमसी परिसर में दर्जनों रेजीडेंट डॉक्टरों ने प्रदर्शन कर डॉक्टरों व अन्य स्वास्थ्यकर्मियों की सुरक्षा के इंतजाम किए जाने की मांग की।
प्रदर्शन में शामिल डॉ. गंगा राम कुंडल ने कहा कि कोलकाता में महिला डॉक्टर से साथ हुई इस घटना ने डॉक्टरों की चिंता बढ़ा दी है। वहीं, डॉ नैंसी ने कहा कि डॉक्टर का रेप के बाद मर्डर किया जाना, इस पेशे से जुड़ी महिलाओं के लिए खतरे की घंटी है। जो रात-रात भर लोगों की कीमती जानें बचाने के लिए जद्दोजहद कर रही हैं। अगर वह खुद सुरक्षित नही होंगी तो कैसे अपनी सेवाओं को बेहतर बना सकेंगी।
इस मौके पर डॉ. मुदस्सर ने अस्पतालों में व्यापक रूप से सीसीटीवी कैमरे स्थापित करने के अलावा सुरक्षा कर्मियों की तैनाती करने की मांग की। वहीं कई रेजीडेंट डॉक्टर्स ने सरकार से सेंट्रल हेल्थकेयर प्रोटेक्शन एक्ट बनाए जाने की मांग की है।
भाजपा ने निकाला मौन मार्च
उधर भाजपा की जिला महिला मोर्चा इकाई ने घटना के विरोध में शहर में मौन मार्च निकाला। शहर के डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी चौक पर जमा हुई महिलाओं ने हाथों में मोमबत्तियां लेकर शहीदी चौक तक मार्च निकाला। महिला मोर्चा की जिला प्रधान सुषमा शर्मा ने कहा कि देश के प्रधानमंत्री महिलाओं को आगे लाने की बात कर रहे हैं। वहीं कोलकाता जैसे बड़े शहर में हुई घटना महिलाओं को आतंकित कर रही है। उन्होंने मांग की कि घटना में लिप्त आरोपी को फांसी मिलनी चाहिए। साथ ही पश्चिम बंगाल में राज्यपाल शासन लगाकर वहां महिलाओं की सुरक्षा को सुनिश्चित बनाने की जिम्मेदारी केंद्र सरकार उठाए।