नकुल हत्याकांड : कठुआ के पारलीवंड में दगाबाज निकला दोस्त, कॉल लोकेशन से पकड़ा गया
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। पारलीवंड में हुए नकुल हत्याकांड ने पूरे इलाके को दहला कर रख दिया है। जिसे दोस्त समझकर नकुल घर लाता था उसी ने दगाबाजी की हदें पार करते हुए न केवल नकुल की जान ले ली बल्कि उसके छोटे भाई निखिल को भी जिंदगी व मौत की जंग से लड़ने के लिए मजबूर कर दिया।
पुलिस ने 48 घंटे के भीतर ब्लाइंड मर्डर को सुलझाने का दावा करते हुए मुख्य आरोपी पार्थ वर्मा उर्फ सुमित को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार वारदात के पीछे लड़की का चक्कर मुख्य कारण रहा। 6 मई की सुबह करीब 10:40 बजे पार्थ वर्मा दोस्त नकुल के घर पहुंचा था। दोपहर करीब 12:40 बजे युवती के साथ प्रेम संबंध को लेकर दोनों के बीच बहस शुरू हो गई। देखते ही विवाद इतना बढ़ गया कि पार्थ आपा खो बैठा और कमरे में ही रखे क्रिकेट बैट से नकुल के सिर पर ताबड़तोड़ वार कर दिए। इस दौरान नकुल की मौके पर ही मौत हो गई।
इसी बीच निखिल (16) घर पहुंच गया। बड़े भाई को खून से लथपथ देख वह हैरान रह गया। पकड़े जाने के डर से आरोपी ने बैट से निखिल पर भी जानलेवा हमला कर दिया। निखिल के सिर पर कई वार किए जिससे वह अचेत होकर गिर पड़ा।
पार्थ ने उसे मृत समझकर छोड़ दिया और सबूत मिटाने के लिए नकुल का आईफोन लेकर फरार हो गया। शाम को जब मां ज्योति देवी घर लौटीं तो घर का मंजर देख पैरों तले जमीन खिसक गई।
जिंदगी की जंग लड़ रहा निखिल : हमले का चश्मदीद गवाह निखिल एम्स विजयपुर (जम्मू) में भर्ती है जहां वह जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ रहा है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या वारदात के समय आरोपी नशे की हालत में था। मोहल्ले वालों और परिवार के अनुसार नकुल अक्सर गलत संगत से बचने की कोशिश करता था लेकिन उसे क्या पता था कि उसका करीबी दोस्त ही जान का दुश्मन बन जाएगा। पुलिस के अनुसार कई बार पार्थ और उसके साथियों को स्नैचिंग और चोरी के मामले में पकड़ा है। फिलहाल आरोपी के खिलाफ बीएनएस की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
आईफोन की कॉल डिटेल से हुआ खुलासा
एसएसपी मोहिता शर्मा ने बताया कि पुलिस के लिए मामला चुनौतीपूर्ण था लेकिन तकनीकी विश्लेषण और ईएसयू टीम की मुस्तैदी से सुलझा लिया गया। नकुल का आईफोन गायब होना सबसे बड़ा सुराग बना। कॉल डिटेल्स और लोकेशन खंगालने पर पता चला कि वारदात के समय पार्थ दोस्त नकुल के घर में मौजूद था। ज्योति देवी ने भी बयान दिया था कि दोपहर को बेटे का फोन वेटिंग और फिर स्विच ऑफ आया था। वीरवार को हिरासत में लिए पांच लोगों में से वार्ड नंबर नौ के पार्थ से गहन पूछताछ की गई। जब सख्ती से पूछा तो उसने जुर्म कबूल कर लिया। आरोपी की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया बैट और नकुल का आईफोन बरामद कर लिया गया है। पार्थ ने खुलासा किया कि नकुल के फोन से मोहित उर्फ बॉबी को कॉल भी किया था।
जिंदगी की जंग लड़ रहा निखिल
हमले का चश्मदीद गवाह निखिल एम्स विजयपुर (जम्मू) में भर्ती है जहां वह जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ रहा है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या वारदात के समय आरोपी नशे की हालत में था। मोहल्ले वालों और परिवार के अनुसार नकुल अक्सर गलत संगत से बचने की कोशिश करता था लेकिन उसे क्या पता था कि उसका करीबी दोस्त ही जान का दुश्मन बन जाएगा। पुलिस के अनुसार कई बार पार्थ और उसके साथियों को स्नैचिंग और चोरी के मामले में पकड़ा है। फिलहाल आरोपी के खिलाफ बीएनएस की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।