युवाओं में बिना लक्षण के भी बढ़ रहे हाइपरटेंशन के मामले, लापरवाही अन्य अंगों को भी देती है नुकसान : डॉ हरदेव गुप्ता
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। हाइपरटेंशन की समस्या अब केवल बुजुर्गों तक सीमित नहीं रही, बल्कि युवाओं में भी तेजी से बढ़ रही है। कठुआ में 21 से 24 वर्षीय युवाओं में हाई ब्लड प्रेशर की समस्या पाई जा रही है, जो आसीन जीवन शैली, मोटापा, तनाव और पारिवारिक इतिहास से जुड़ी हो सकती है।
कठुआ में वरिष्ठ फिजीशियन और कंसल्टेंट, डॉ हरदेव गुप्ता ने बताया कि हाई ब्लड प्रेशर को केवल जागरूकता और सही जीवनशैली अपनाकर नियंत्रित किया जा सकता है। लगातार मोबाइल का उपयोग, कम शारीरिक गतिविधि, फास्ट फूड का सेवन और बढ़ता वजन इसके मुख्य कारण बन रहे हैं।
बताया कि हाइपरटेंशन का असर शरीर के कई अंगों पर पड़ता है, जिससे खून की नाड़ियां कठोर हो जाती हैं और उनकी मोटाई बढ़ जाती है। यह दिमाग, आंखों, दिल, किडनी और नाड़ियों को प्रभावित कर सकता है। कई मामलों में लोगों को इसके लक्षण पता नहीं चलते और वे अन्य बीमारियों की जांच के दौरान इसका पता लगने पर चौंक जाते हैं। यह और भी चिंताजनक है।
उन्होंने सलाह दी है कि 18 साल की उम्र के बाद हर महीने बीपी की जांच करवाना जरूरी है, जिससे किसी भी संभावित खतरे को पहले ही रोका जा सके। डॉक्टर की सलाह के बिना कोई भी दवा लेना स्वास्थ्य के लिए हानिकारक साबित हो सकता है। कहा कि सही समय पर जांच और स्वस्थ जीवनशैली अपनाकर हाइपरटेंशन से बचा जा सकता है।