महानपुर। तहसील महानपुर क्षेत्र के विभिन्न निजी स्कूल, जोकि अभी हाल ही में खोले गए हैं। यहां दाखिले के साथ लॉकडाउन के समय बंद रहे स्कूल के समय की भी फीस जमा करने के लिए अभिभावकों पर जोर डाला जा रहा है। जिससे अभिभावकों की चिंता बढ़ गई है, हालांकि सरकारी कर्मचारी को फीस देने में कोई फर्क नहीं है, लेकिन छोटे काम करने वालों की मुसीबत बढ़ गई है।
महानपुर निवासी जोगेंद्र सिंह ने बताया की निजी स्कूलों में उस समय की फीस मांगी जा रही है, जब स्कूल लॉकडाउन के कारण बंद थे। स्कूल में कोई पढ़ाई नहीं हुई। हालांकि बीच-बीच में कुछ स्कूलों ने ऑनलाइन पढ़ाई करवाने का प्रयास किया। उन्होंने बताया ये अतिरिक्त फीस कैसे दे पाएंगे, जबकि कोरोना महामारी की मार लोगों पर काफी पड़ी है। रविंदर सिंह ने बताया कि जो लोग सरकारी नौकरी करते हैं, वह स्कूल की फीस देने में सक्षम हैं। लेकिन जो लोग निजी कार्य करते हैं उन्हें कोरोना महामारी ने आर्थिक रुप से कमजोर कर दिया है। कस्बे के रोशन लाल ने बताया की निजी स्कूलों को लॉकडाउन के समय की फीस कैसे दे पाएंगे। उन्होंने बताया कि निजी स्कूलों से संदेश दिया जा रहा है कि अगर फीस नहीं चुकाएंगे तो उन्हें रोल नंबर नहीं दिया जाएगा।