एक-दूसरे से आगे निकलने की होड़ में एक तेज रफ्तार मिनी बस सड़क पर पलट गई। हादसे में एक नन्ही बच्ची की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। हादसे में घायल 11 घायलों में से जीएमसी ले जाते समय पांच यात्रियों में से एक वृद्ध ने रास्ते में दम तोड़ दिया। मृत बच्ची उषा रानी (9) पुत्री शिवदास, धर्मकोट की, जबकि मृतक धनीराम (80) पुत्र जौलोराम, थडाकल्वाल के रहने वाले थे।
पुलिस ने मामला दर्ज कर हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है। जीएमसी रेफर किए गए घायलों में उच्चापिंड निवासी दीपक कुमार पुत्र रमेश चंद्र, गुडाकल्याल निवासी मंजूरा बेगम पत्नी सलीम अख्तर, थडाकल्वाल निवासी कृष शर्मा (3) पुत्र सुरेश शर्मा और डडबारा निवासी संजीव शर्मा पुत्र ओंकार शर्मा शामिल हैं।
जानकारी के अनुसार यह हादसा शनिवार की दोपहर को उस वक्त हुआ जब उच्चापिंड से बिलावर आ रही एक तेज रफ्तार मिनी बस एक अन्य मिनी बस को ओवरटेक करने की चक्कर में गुडाकल्याल पावर हाउस के पास सड़क पर पलट गई। हादसा होते ही वहां घायलों की चीख-पुकार मच गई। इसे सुनकर आसपास के लोग बड़ी संख्या में मौके पर पहुंचे और बड़ी मुश्किल से गाड़ी को सीधा कर घायलों को बाहर निकाला। इस बीच नौ साल की मासूम उषा देवी की मौत हो गई थी।
बाद में लोगों ने सभी घायलों को उप जिला अस्पताल पहुंचाया। वहां डाक्टरों ने पांच घायलों की नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें इलाज के लिए जीएमसी रेफर कर दिया। अन्य मामूली रूप से घायल यात्रियों को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। हादसे में गंभीर रूप से घायल 80 साल के बुजुर्ग धनीराम ने जख्मों का ताव न सह पाने के चलते सांबा के करीब दम तोड़ दिया।