कठुआ। लोगेट गांव में जारी श्रीमद्भागवत कथा का सातवें दिन हवन-यज्ञ व विशाल भंडारे के साथ समापन हो गया। इस अवसर पर सैकड़ों श्रद्धालुओं ने हवन कुंड में आहुति डालीं और प्रसाद ग्रहण किया।
गांव के रामलीला परिसर में श्रीमद्भागवत कथा के अंतिम दिन सुबह पूजा-अर्चना के साथ हवन-यज्ञ शुरू हुआ। इस दौरान तमाम यजमानों ने आहुतियां डालीं। इसके बाद कलश विसर्जन शोभायात्रा निकाली गई। पवित्र कलशों के विसर्जन के बाद भंडारे का आयोजन किया गया। उधर, कथाव्यास राम स्वरूप आचार्य ने बताया कि सात दिनों की कथा का श्रवण करने के बाद राजा परीक्षित को सशरीर स्वर्ग में स्थान मिला। लिहाजा भागवत कथा मनुष्य को पाप मुक्त कर भगवान के परमधाम का अधिकारी बनाने वाली है। संवाद