-खराब मौसम और रामबन में रास्ता खराब होने को बताया कारण
-राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, आंध्र प्रदेश और दिल्ली से जत्थे पहुंचे कठुआ
-खाने-पीने के इंतजाम मुकम्मल
कठुआ। प्रशासन की ओर से सोमवार को विभिन्न राज्यों से श्री अमरनाथ यात्रा के लिए आए जत्थों को कठुआ में ही रोक लिया गया। प्रशासनिक अधिकारियों के मुताबिक 4500 के करीब श्रद्धालुओं को यहां रोका गया है। खराब मौसम और रामबन में रास्ता खराब होने का हवाला देकर इन श्रद्धालुओं को कठुआ में ही सोमवार की रात बिताने की सलाह दी गई है। बताया जा रहा है कि रोके गए जत्थों में राजस्थान, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, बिहार और आंध्र से आए श्रद्धालु हैं। जिन्हें कठुआ के डीडीसी, सूर्या कॉलेज, मोगा लंगर, राजीव गांधी कॉलेज, गुरु गंगदेव कॉलेज, डिग्री कॉलेज और विवेकानंद कॉलेज में ठहराया गया। वहीं, प्रशासनिक अमले ने श्रद्धालुओं के रहने और खाने-पीने का प्रबंध भी किया है। श्री अमरनाथ यात्रा अधिकारी सुरेश शर्मा ने बताया कि जिला के सभी 36 लॉजमेंट सेंटरों में श्रद्धालुओं को ठहराया गया है। उन्होंने बताया कि फिल्हाल 4500 के करीब श्रद्धालुओं को यहां ठहराया गया है। जबकि, जिला प्रशासन के पास 7500 तक श्रद्धालुओं को हर सुविधा देने का प्रबंध है। बताया कि चाहे अमरनाथ यात्रा हो या माता वैष्णों देवी जाने वाले यात्री, सभी को खराब मौसम की जानकारी देकर यहीं रुकने की अपील की जा रही है। ताकि, उन्हें आगे खराब मौसम के चलते परेशानी ना झेलनी पड़े।
लंगरों और पैक फूड से जुटाया जा रहा खाना
जिला सह नोडल अफसर राहुल ने बताया कि जिले में 8 लंगर हैं। जिला प्रशासन ने 7500 श्रद्धालुओं को हर संभव सुविधा देने के लिए पुख्ता प्रबंध कर लिए गए हैं। श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए पुलिस प्रशासन द्वारा प्रबंध किए गए हैं। बताया कि श्रद्धालुओं की सुविधाओं का प्रबंधन सही ढंग से हो, इसके लिए हर लॉजमेंट सेंटर के लिए अलग से नोडल अधिकारी तैनात किया गया है। इसके अलावा, सेक्टर अधिकारी और जोनल अधिकारी लगाए गए हैं। बताया कि श्रद्धालुओं को हर संभव सुविधा देने के लिए कठुआ प्रशासन पूरी तरह चौकसी से काम कर रहा है। श्रद्धालुओं के खाने का इंतजाम लंगरों से किया गया है। इसके अलावा, पैक फूड श्रद्धालुओं तक पहुंचाया जा रहा है।
कॉलेजों में गूंजे बाबा बर्फानी के जयकारे
जैसे ही जिला प्रशासन ने श्रद्धालुओं को कठुआ में रोका और कॉलेजों में बनाए लॉजमेंट सेंटरों में भेजा तो नाराजगी जताने की बजाय श्रद्धालुओं ने बाबा बफार्नी के जयकारे लगाए। वहीं, श्रद्धालुओं ने पुलिस और जिला प्रशासन के सहयोग की तारीफ करते कहा कि उनके लिए सभी बंदोबस्त बढि़या किए गए हैं। लोगों ने जम्मू-प्रशासन का बेहतर सहयोग के लिए आभार भी जताया।