संवाद न्यूज़ एजेंसी
बिलावर। किशनपुर गांव से दौला माता की वार्षिक यात्रा में शामिल यात्रियों की लंगर व्यवस्था करने के लिए शनिवार को किशनपुर और कोटी गांव के युवाओं का दल चेऊ गांव के लिए रवाना हो गया। हर वर्ष किशनपुर गांव से दौला माता के लिए प्रस्थान करने वाले यात्रियों के लिए लंगर की व्यवस्था की जाती है।
युवाओं के दल में शामिल सुरेंद्र शर्मा, शमशेर सिंह, गिरधारी लाल और संजू मिस्त्री ने बताया कि जून महीने के पहले हफ्ते हर वर्ष युवाओं की तरफ से चेऊ गांव में लंगर लगाया जाता है। उन्होंने कहा कि पिछले कई सालों से चली आ रही प्रथा का निर्वहन करते हुए इस वर्ष भी चेऊ गांव में विशाल लंगर लगाया जाएगा। उन्होंने बताया कि सुबह 10 बजे सबसे पहले महामाई को भोग लगाया जाएगा, जिसके बाद लंगर यात्रियों के लिए खोल दिया जाएगा। बता दें कि किशनपुर गांव से जून महीने के पहले हफ्ते में हर वर्ष वार्षिक दौला गांव के लिए रवाना होती है और यह प्रथा पिछले 70 वर्षों से चली आ रही है। रविवार शाम को सभी यात्री दौला गांव पहुंचेंगे। रात्रि विश्राम के बाद सोमवार सुबह भंडारे का आयोजन होगा। इसके बाद यात्रा में शामिल लगभग 500 लोग वापस अपने गांव लौटेंगे