कश्मीरी कारोबारी जाहूर अहमद शाह वटाली और उनके परिवार की संपत्ति सील करने के फैसले को हाईकोर्ट ने रद्द कर दिया है। वटाली पर आतंकी फंडिंग और अलगाववाद को बढ़ावा देने का केस चल रहा है। जिसे एनआईए ने 2017 में गिरफ्तार किया था।
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इसके बाद एनफोर्समेंट डायरेक्टोरेट ने राजस्व विभाग को आदेश दिया था कि वटाली और उनके परिवार की राजस्व संपित्त को जारी न करें। मंगलवार को जस्टिस अली मोहम्मद मागरे ने मामले पर सुनवाई की। एनफोर्समेंट डायरेक्टोरेट के आदेश को अवैध बताया और इसे रद्द कर दिया। इससे पहले दोनों तरफ की दलीलें सुनीं गईं।
जज ने कह कि 18 मार्च 2018 का विवादित आदेश न केवल कानून के प्रावधान द्वारा परिकल्पित अनिवार्यता के विपरीत है, बल्कि अधिकार क्षेत्र के बिना भी है और इसलिए विचाराधीन आदेश पूरी तरह से अनुचित और अवैध है। अत: यह निरस्त किये जाने योग्य है। उल्लेखनीय है कि वटाली को पकड़े जाने के बाद एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट ने राजस्व विभाग से कहा था कि उनके राजस्व विभाग से संबंधित जमीन, घर और अन्य चीजों को सील कर दिया जाए।