जयपुर शहर की जाली नोट मामलों की विशेष अदालत ने करोडों रुपए की लॉटरी निकलने का झांसा देकर तीन लाख रुपए ठगने वाले दक्षिण अफ्रीका निवासी मुसैफ गुशी को सात साल की सजा सुनाई है। इसके साथ ही अदालत ने अभियुक्त पर 2 लाख 77 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है।
वहीं अभियुक्त की सहायता करने वाले दिल्ली निवासी लक्ष्मीकांत प्रजापति और प्रमोद रावत को तीन साल की सजा के साथ कुल तीस हजार रुपए का जुर्माना लगाया है।
अभियोजन पक्ष की ओर से अदालत को बताया गया कि 1 फरवरी 2015 को अजमेर के नसीराबाद सिटी थाना में रहने वाली रीना करोति को फोन पर एक करोड़ की लॉटरी निकलने की जानकारी मिली। इसके बाद आरबीआई के हवाले से लॉटरी का ई-मेल आया। इस पर रीना ने झांसे में आकर अभियुक्तों के विभिन्न बैंक खातों में कुल 2 लाख 96 हजार रुपए जमा कराए। इसके बाद अभियुक्तों ने टैक्स के नाम से एक लाख रुपए और मांगे। इस पर रीना ने घर आकर रुपए ले जाने की बात कही।
विदेशी युवक 6 फरवरी को रुपए लेने पीड़िता के घर भी पहुंच गया। पीड़िता की ओर से पुलिस को सूचना देने पर अभियुक्त को गिरफ्तार किया गया। विदेशी युवक के पास फर्जी पासपोर्ट और नकली विदेशी मुद्रा भी मिली।