राजस्थान में मानसून की दस्तक 25 जून के आसपास होगी। इससे पहले 15 जून तक मानसून पूर्व तमाम तैयारियां करने की हिदायत राज्य सरकार ने सभी विभागों को दी है।
राजस्थान में मानसून पूर्व तैयारियों को लेकर बुधवार को सचिवालय में गृह मंत्री गुलाब चंद कटारिया की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई। कटारिया ने मानसून के दौरान राज्य के कुछ हिस्सों में अत्यधिक वर्षा, बादल फटने, अतिवृष्टि से जलप्लावन एवं बाढ़ जैसी अनहोनी होने पर उनसे निपटने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी करने के निर्देश संबंधित विभागों के अधिकारियों को दिए। उन्होंने इस संबंध में सभी तैयारियां प्री—मानसून बारिश से पहले यानि 15 जून करने के निर्देश दिए हैं।
उन्होंने जिलों में नागरिक सुरक्षा, गृह रक्षा एवं जल संसाधन विभाग के अधिकारियों को सभी बांधों पर गेटों की मरम्मत और बाढ़ बचाव राहत दल तैनात करने के निर्देश दिए। सभी संवेदनशील स्थानों पर बचावकर्मी तैनात करने के भी उन्होंने निर्देश दिए।
आपदा प्रबन्धन एवं राहत सचिव हेमन्त गेरा ने बताया कि प्रदेश मे 15 जून 2017 तक राज्य स्तर और जिला स्तरीय इमरजेन्सी ऑपरेशन सेन्टर सक्रिय करने के लिए समस्त जिला कलेक्टर्स को भी निर्देश जारी किए गए हैं। न्होंने बताया कि मुख्य मंत्री जल स्वावलंबन अभियान के दूसरे चरण के दौरान हर जिलों में ऐसी व्यवस्था की जाये कि वर्षा का पानी व्यर्थ नहीं जाए और नहरों के माध्यम से आसपास के छोटे छोटे तालाब भी भर जाए ।
उन्होंने बताया कि जिला कलक्टर्स को भारी वर्षा से उत्पन्न स्थिति को देखते हुए 10 लाख का रिवॉल्विंग फण्ड जारी किया जाएगा, जिससे कि किसी भी स्थिति से समय रहते निपटा जा सके।
आपदा प्रबन्धन एवं राहत सचिव ने चिकित्सा विभाग को चिकित्सालयों में जरूरत की सभी दवाओं की पर्याप्त आपूर्ति करने के निर्देश दिए। बैठक में सार्वजनिक निर्माण, नगरीय विकास एवं आवासन, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी, परिवहन, कृषि, वित्त, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति, जल संसाधन, ऊर्जा, पशुपालन, मत्स्य एवं डेयरी, जेडीए, पुलिस, एसडीआरएफ, गृह रक्षा, जिला कलक्टर जयपुर, मुख्य कार्यकारी अधिकारी नगर निगम, विंग कमाण्डर ओपीएस गुजरात, स्टेेशन कमाण्डर 61 सब ऎरिया, ग्रुप कैप्टेन, एयर फोर्स, मौसम विभाग एवं केन्द्रीय जल आयोग सहित अनेक विभागों उच्चाधिकारी उपस्थित थे।