भाजपा के वरिष्ठ विधायक घनश्याम तिवाड़ी और सीएम राजे के बीच रही रस्सा कस्सी के बीच अब विधायक के बेटे उतर आए हैं। दीनदयाल वाहिनी के प्रदेश सचिव और घनश्याम तिवाड़ी के बेटे अखिलेश तिवाड़ी ने गुरुवार को लोकायुक्त से मुलाकात कर सीएम के खिलाफ गंभीर आरोप लगाए।
अखिलेश ने आरोप लगाए हैं कि सिविल लाइन स्थित दो हजाक करोड़ के सरकारी बंगले पर मुख्यमंत्री राजे कब्जा करना चाहती हैं। यह कब्जा आजीवन करने की योजना है। ऐसे में जनता की इस सम्पत्ति को कब्जे से मुक्त करवाना चाहिए। इससे पहले विधायक तिवाडी ने राजस्थान मंत्री वेतन विधेकय—2017 को गलत व सीएम द्वारा सरकारी बंगले पर आजीवन कब्जा करने की कोशिश करार देते हुए राज्यपाल कल्याण सिंह से इसे बचाने की गुहार लगाई थी। जब कोई बात बनती नजर नहीं आई, तो अब विधायक के बेटे को लोकायुक्त शिकायत करने के लिए सामने आना पड़ा।
उधर भाजपा प्रदेशाध्यक्ष ने भाजपा में अंतरकलह की बात को सिरे ने नकार दिया। परनामी ने कहा है कि पार्टी में किसी तरह का आंतरिक द्धंद नहीं है। सांगानेर विधायक घनश्याम तिवाड़ी को लेकर जारी बयानबाजी पर अध्यक्ष ने कहा है कि यह मामला केंद्रीय अनुशासन समिति के पास है, ऐसे में किसी तरह के बयान देना बैकार होगा।