राजस्थान हाईकोर्ट ने अदालती आदेश के बावजूद भी अवैध बसों का संचालन नहीं रोकने पर परिवहन आयुक्त शैलेन्द्र अग्रवाल, आरटीओ सीकर भजनलाल रोलन और एसपी झुंझुनूं मनीष कुमार अग्रवाल सहित दो अन्य को अवमानना नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
न्यायाधीश एसपी शर्मा की एकलपीठ ने यह आदेश अनिल कुमार की ओर से दायर अवमानना याचिका पर प्रारंभिक सुनवाई करते हुए दिए। याचिका में अधिवक्ता सतीश खंडेलवाल ने अदालत को बताया कि हाईकोर्ट ने गत 21 नवंबर को आदेश जारी कर बिना परमिट चलने वाली अवैध बसों पर कार्रवाई के आदेश दिए थे। इसके बावजूद भी अवमाननाकर्ताओं ने झुंझुनूं से मलसीसर-टमकोर के बीच चलने वाली अवैध बसों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की।
याचिकाकर्ता की ओर से अवैध बसों के पंजीकरण नंबर सहित विभाग में शिकायत दर्ज कराई, लेकिन इन अवैध बसों पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। जिस पर सुनवाई करते हुए एकलपीठ ने संबंधित अधिकारियों को अवमानना नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।