सीबीआई मामलों की विशेष अदालत क्रम-2 में गुरुवार को सीबीआई ने आईएएस जेपी मीणा, रिलायबल इश्योरेंस बोक्रर प्रा.लि. के निदेशक सचिन्द्र गोविल और सुरेन्द्र मेहता के खिलाफ आरोप पत्र पेश किया है। प्रकरण में गोविल को 29 अक्टूबर 2010 और मीणा को 25 नवंबर 2010 को गिरफ्तार किया था। जबकि मेहता ने 15 अप्रैल 2015 को सरेंडर किया था।
मामले के अनुसार प्रकरण को लेकर 2010 में ज्योतिनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। जिसमें रिलायबल इंशोरेंस ब्रोकर के जरिए सरकारी हेलीकॉप्टर के 14 लाख 19589 रुपए में कराए बीमा को गलत बताते हुए कहा गया था कि पुन: बीमा के स्थान पर बीमा किया गया और पॉलिसी मुख्य पायलट के नाम कर दी गई। हेलीकॉप्टर 24 मई 2007 में दिल्ली में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। जिसका बीमा क्लेम पेश करने पर न्यू इंडिया इन्शोरेन्स कंपनी ने 3 फरवरी 2009 को बीमा क्लेम खारिज कर दिया था। आरोपी जेपी मीणा की ओर से अदालत में प्रार्थना पत्र पेश कर पुन: जांच की गुहार की गई थी। जिसे स्वीकार करते हुए अदालत ने गत 7 दिसंबर को प्रकरण की पुन: जांच करने के आदेश दिए थे।