फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सरकारी डॉक्टर ने प्राइवेट हॉस्पिटल में जाकर आॅपरेशन किया तो खैर नहीं

Wed, 06 Sep 2017 04:35 PM IST
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
विज्ञापन
ऑपरेशन थियेटर - फोटो : ANI
विज्ञापन
सरकारी डॉक्टरों के प्राइवेट हॉस्पिटल में जाकर आॅपरेशन करने के मामले में राज्य सरकार सख्त हो गई है। इस तरह की प्रवृत्ति को रोकने के लिए सरकार ने कड़े कदम उठाने का निर्णय किया है।  
विज्ञापन


राजस्थान के गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेजों से सम्बद्ध चिकित्सा संस्थानों में कार्यरत चिकित्सकाें द्वारा निजी चिकित्सालयों में जाकर ऑपरेशन करने की प्रवृति पर प्रभावी रोकथाम लगाने के लिए संभागीय आयुक्तों के निर्देशन में समितियां गठित की जाएगी। 

चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री कालीचरण सराफ के निर्देश पर गठित इस समिति में संबंधित संभाग में कार्यरत दो प्रशासनिक अधिकारी एवं संबंधित मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य द्वारा नामित प्रोफेसर स्तर के चिकित्सक को शामिल किया जाएगा। यह समिति फ्लार्इंग स्क्वायड के रूप मे निजी चिकित्सा संस्थानों का औचक निरीक्षण करेगी।  
विज्ञापन
विज्ञापन

एक डॉक्टर को किया एपीओ ये थी शिकायत 

Doctor
एसएमएस मेडिकल कॉलेज के प्लास्टिक सर्जन डॉ. जी.डी.एस. कालरा को निजी चिकित्सालय में जाकर ऑपरेशन करने के मामले में तत्काल प्रभाव से एपीओ कर दिया गया है। 

इस मामले में प्राप्त शिकायत की जांच करने के लिए चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री कालीचरण सराफ के निर्देश पर एक जांच कमेटी गठित की गई थी। इस कमेटी में अतिरिक्त प्राचार्य डॉ. दीपक माथुर, पैथोलॉजी विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. अजय यादव एवं एसएमएस मेडिकल कॉलेज के डीएलआर प्रकाश गुप्ता को शामिल किया गया था। इस समिति की रिपोर्ट के आधार पर डॉ. कालरा को तत्काल प्रभाव से एपीओ किया गया है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें