राजस्थान शिक्षा विभाग के 48 हजार तृतीय श्रेणी अध्यापकों के पदों पर राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड की ओर से शिक्षक भर्ती परीक्षा का आयोजन किया जा रहा है। चयन बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. हरिप्रसाद शर्मा ने बताया कि पेपर लीक न हो इसके लिए इस बार विशेष इंतजाम किए गए हैं। पेपर लीक के साये में घिरे राजस्थान में इस बार चयन बोर्ड ने परीक्षा के आयोजन में दो बड़े बदलाव किए हैं। इस बार हर परीक्षा केंद्र पर केवल सरकारी स्कूलों के ही शिक्षक लगाए गए हैं। साथ ही इस बार हर परीक्षा केंद्र पर एक के स्थान पर दो वीडियोग्राफर तैनात किए गए हैं।
नकल रोकने के लिए इंटरनेट सेवा बंद
परीक्षा में नकल रोके लिए सरकार ने इंटरनेट सेवा को बंद करना शुरू कर दिया है। भरतपुर में शनिवार और रविवार को सवेरे छह बजे से शाम छह बजे तक इंटरनेट सेवा बंद करने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं। जिले में आज सवेरे छह बजे से शाम छह बजे तक इंटरनेट बंद कर दिया गया है। बता दें नकल और पेपर लीक को रोकने के लिए कर्मचारी चयन बोर्ड की ओर से शुक्रवार को मुख्य सचिव को पत्र लिखकर इन चार दिन इंटरनेट सेवा बंद करने की मांग की गई थी।
देर से पहुंचने पर नहीं मिला प्रवेश
शनिवार सुबह 9.30 बजे से परीक्षा शुरू हुई। परीक्षा के लिए अभ्यर्थियों की भीड़ समय से काफी पहले ही जुटना शुरू हो गई। परीक्षा शुरू होने से एक घंटा पहले ही प्रवेश बंद कर दिया गया था। ऐसे में जो अभ्यर्थी देरी से पहुंचे वह परीक्षा में शामिल नहीं हो सके। बोर्ड ने अभ्यर्थियों को मास्क पहन कर आने के निर्देश दे रखे थे। अभ्यर्थी के एडमिट कार्ड की जांच करने के बाद ही उन्हें परीक्षा केंद्र में प्रवेश दिया गया।
2940 परीक्षा केंद्रों पर नौ पारियों में होगी परीक्षा
प्रदेश के 11 जिलों जयपुर, जोधपुर, अजमेर, भीलवाड़ा, कोटा, बीकानेर, टोंक, भरतपुर, अलवर, श्रीगंगानगर और उदयपुर में 9 पारियों में कुल 2940 परीक्षा केंद्रों पर भर्ती परीक्षा का आयोजन किया जा जाएगा। नौ पारियों में होने वाली इस परीक्षा के लिए कुल 9 लाख 64 हजार अभ्यार्थी पंजीकृत किए गए हैं। इसमें लेवल वन की परीक्षा में कुल 2 लाख 12 हजार 259 और लेवल-2 में कुल 7 लाख 52 हजार 706 अभ्यर्थी शामिल हैं। राजधानी जयपुर में कुल 187 परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा का आयोजन किया जाएगा, जिसमें 68 सरकारी एवं 119 निजी शिक्षण संस्थान हैं। जिनमें कुल 3 लाख 69 हजार 744 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। जयपुर में परीक्षा आयोजन के लिए 187 केन्द्राधीक्षक, 56-56 पेपर कोऑर्डिनेटर, 37 फ्लाइंग कम ओएमआर कोआर्डिनेटर, 306 पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए हैं।