अजमेर के सूफी संत हजरत ख्वाजा मोइनुद्दीन हसन चिश्ती की दरगाह में जुमे की नमाज के बाद सामूहिक दुआ का आयोजन किया गया। इसमें बर्मा-म्यांमार में कत्लेआम हो रहे लोगों की सलामती के लिए दुआ मांगी गई
ख्वाजा साहब की दरगाह के आहता-ए-नूर परिसर में सामूहिक दुआ का आयोजन अंजुमन सैयदजादगान की ओर से रखा गया। इसमें देशभर से अजमेर शरीफ पहुंचे जायरीनों ने भी शिरकत की। अंजुमन की तरफ से दुआ के इस आयोजन में जनप्रतिनिधियों, उर्दू शायरों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया। सभी लोगों ने बर्मा में चल रहे बुरे हालातों पर चिंता जाहिर करते हुए मृतकों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान ऐसी घटनाओं को तुरंत रोकने के लिए पत्राचार करने का निर्णय भी लिया गया। अंजुमन के पदाधिकारियों ने देश के प्रधानमंत्री को भी पत्र लिखकर बर्मा के मुसलमानों की मदद करने की मांग की है।