एक तकनीक से अनजान वाहन चोर दिनदहाड़े एक्स हेल्थ मिनिस्टर की स्कार्पियो चुराकर भाग निकले। लेकिन ये तकनीक उनकी सोच पर भारी पड़ गई। शातिर बदमाशों ने वारदात के बाद ही गाड़ी की नंबर प्लेट भी बदल डाली और उसके पर्दे उतारकर इंटीरियर डिजाइन तक बदल दिया था।
गौरतलब है कि राजस्थान के पूर्व मंत्री जयपुर स्थित कांग्रेस के मुख्यालय में उपचुनाव में जीतकर आए एक विधायक और दो सांसदों के लिए आयोजित अभिनन्दन समारोह में हिस्सा लेने पहुंचे थे। उनकी स्कार्पियो कार्यालय के नजदीक खड़ी थी, जिसे मौका पाकर वाहन चोरों ने चुरा लिया। वाहन चोर इस बात से अनजान थे कि चुराई गई पूर्व मंत्री की स्कार्पियो में जीपीएस ट्रैकिंग सिस्टम लगा था। लेकिन ये सिस्टम बंद कर रखा था।
वहीं, इस चोरी की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और पुलिस ने जयपुर से बाहर निकलनेवाले सभी रास्तों पर तत्काल सख्त नाकाबंदी करवा दी थी। वहीं, स्कार्पियो में लगे जीपीएस ट्रैकिंग सिस्टम के बंद होने का पता चला।
स्कार्पियो में इधर-उधर घूमते रहे चोर
पुलिस ने करवाई नाकाबंदी, जीपीएस से मिली लोकेशन
- फोटो : Demo pic
पुलिस ने कंपनी के टैक्नीकल इंजीनियर से बातचीत कर जीपीएस ट्रैकिंग सिस्टम आॅन करवाया तब गाड़ी की लोकेशन प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय से करीब 7 किलोमीटर दूर अंबाबाड़ी, विद्याधर नगर होने की जानकारी मिली। पुलिस महज चार घंटे के भीतर ही चोरी गई स्कार्पियो को बरामद करने में कामयाब हो गई।
पुलिस की सख्त नाकाबंदी देख बदमाश शहर में इधर-उधर घूमने के बाद बाहर निकल नहीं सके, तो स्कार्पियो को शहर के विद्याधर नगर इलाके में लावारिस छोड़कर भाग निकले। जब पुलिस ने गाड़ी बरामद की तो उसकी नंबर प्लेट और इंटीरियर चेंज हो चुका था।
पुलिस का दावा है कि नाकाबंदी की वजह से बदमाश तत्काल शहर से बाहर नहीं भाग सके। इससे गाड़ी को वहीं छोड़ना पड़ा। अब संजय सर्किल थाना पुलिस मुकदमा दर्ज कर सीसीटीवी फुटेज में आए हुलिए के आधार पर बदमाशों की तलाश कर रही है।