बसंत पंचमी के मौके पर देश की विश्व प्रसिद्ध दरगाह में एक अलग नजारा देखने को मिला जहां दरगाह में बसंत पेश किया गया।
अजमेर स्थित सूफी संत ख्वाजा मोईनुद्दीन हसन चिश्ती की दरगाह में मंगलवार को बसंत पंचमी के मौके पर शाही कव्वालों के बसंत गीतों के बीच ख्वाजा साहब की मजार पर गुलदस्ते पेश किए गए।ख्वाजा साहब की दरगाह में इस्लामी कैलेंडर के अनुसार पांच तारीख को बसंत उत्सव मनाए जाने की परम्परा वर्षों से चली आ रही है।
इसके तहत शाही कव्वालों ने अमीर खुसरो द्वारा बसंत पर लिखे गए गीतों को गाते हुए मजार शरीफ पर फूलों के गुलदस्ते पेश किए। इससे पहले बसंत का जुलूस निकाला गया जो निजाम गेट से शुरू हुआ। बसंत उत्सव के चलते पूरी दरगाह को फूलों से सजाया गया।