नाबालिग के साथ यौन उत्पीड़न मामले में फंसे आसाराम ने आज मीडिया के सवालों से बचने का प्रयास किया तो वहीं समर्थको ने दिनभर पुलिस को परेशान किया।
लम्बे समय बाद आज अनुसूचित जाति जनजाति अदालत में आसाराम मामले की सुनवाई हुई। बचाव पक्ष के अधिवक्ता सज्जनराज सुराणा ने अंतिम बहस को आगे बढ़ाते हुए गवाह करमवीर के बयानों को पढ़ा। बयानों को पढ़ते हुए साबित करने का प्रयास किया गया कि पीड़िता नाबालिग नहीं थी, जो दस्तावेज पेश किए हैं वो गलत है। अधिवक्ता ने बताया कि उम्र को साबित करने का सारा भार अभियोजन पक्ष का है ना कि बचाव पक्ष का।
समयाभाव के चलते आज भी सुनवाई पूरी नही हो पाई अब आगे की सुनवाई कल होगी। आज आसाराम के समर्थकों कि संख्या भी अधिक थी। देश के साथ विदेश से भी समर्थक आसाराम के दर्शन करने पूर्णिमा पर यहां आए थे। ऐसे में आज कोर्ट परिसर में मेले जैसा माहौल नजर आया। यहां तक कोर्ट से निकलने वाले रास्ते तक बंद हो गए। समर्थकों ने आसाराम की गाड़ी को घेर लिया, जैसे-तैसे कर वहां से रवाना किया गया।