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गैंगस्टर एनकाउंटर की जांच CBI से कराने की मांग, परिजनों ने नहीं लिया शव

Sun, 25 Jun 2017 05:47 PM IST
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
गैंगस्टर आनंदपाल - फोटो : amar ujala
आनंदपाल एनकाउंटर की सीबीआई से जांच की मांग को लेकर अड़े आनंदपाल के परिजनों ने उसका शव लेने से इनकार कर दिया है। फिलहाल रतनगढ़ मोर्चरी में आनंदपाल का शव रखवा दिया गया है। 


पुलिस ने मोर्चरी डी—फ्रीज का इंतजाम कर लिया है। मोर्चरी पर सुरक्षा के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। शाम तक पुलिस और प्रशासन उसके परिजनों का इंतजार करते रहे। देर शाम तक वे नहीं आए तब जाकर शव को मोर्चरी में रखवा दिया। इससे पहले आनंदपाल का पोस्टमार्टम किया। इस दौरान उसके शरीर दो गोलियां निकली है, हालांकि पुलिस छह गोली लगने का दावा कर रही है। उसके शरीर के तीस एक्सरे लिए। डीएनए जांच के लिए  सेम्पल भी लिए गए है।

उधर, परिजनों को शव लेने के लिए समझाइश के प्रयास पुलिस और प्रशासन कर रही है। फिलहाल आनंदपाल के परिजनों और रिश्तेदारों ने शव लेने से इनकार कर दिया है। परिजन इस मामले की सीबीआई से जांच कराने की मांग कर रहे है। परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने आनंदपाल की घेरकर हत्या की है। उसकी ओर से पहले फायर नहीं खोला गया था। पुलिस ने वाहवाही लूटने के लिए उस पर ताबड़तोड़ फायर कर मार डाला। परिजनों की दूसरी मांग आनंदपाल के दोनों भाइयों को भी अंतेष्टि के समय लाने की मांग की है। ये दोनों जेल में है। 


 
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हर जांच के लिए तैयार है पुलिस

rajasthan dgp manoj bhatt - फोटो : Amar Ujala
डीजीपी मनोज भट्ट ने मीडिया से कहा कि इस मामले में पुलिस ने अपनी तरफ से पहले फायर नहीं किया। हमारे अधिकारियों ने उसे तीन—चार बार सरेंडर करने के लिए कहा। उसके बाद उसने पुलिस टीम पर फायर खोल दिए। इसके बाद पुलिस ने मोर्चा सम्हाला। पुलिस उसे जिन्दा पकड़ना चाहती थी। भट्ट का कहना है कि इस मामले में सरकार जैसे भी चाहे जांच करवा करवा सकती है। उन्होंने परिजनों और ​उसके समर्थकों के आरोप को निरर्थक बताया। भट्ट ने कहा कि पुलिस ने उसे जिंदा पकड़ने के पूरे प्रयास किए थे।
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