जयपुर में स्वाइन फ्लू जानलेवा बनता जा रहा है। जयपुर शहर में ही विगत दो महीने में छह मौत इस बीमारी के चलते हुई हैं। इन छह में से पांच तो अप्रेल महीने में ही हुई है।
जानकारी के अनुसार प्रदेश में 1 जनवरी से अब तक स्वाइन फ्लू से मौतों की संख्या 22 पर पहुंच गई। ये खुलासा बृहस्पतिवार को चिकित्सा विभाग की ओर से किया गया, जबकि अभी तक एक मौत ही दर्ज बताई जा रही थी।
स्वाइन फ्लू पॉजीटिव का आंकड़ा जहां प्रदेश में 212 पर है वहीं जयपुर शहर में ये 112 पर पहुंच गया है। बावजूद इसके चिकित्सा विभाग इसकी रोकथाम पर नाकाम साबित हो रहा है और पुणे भेजे गए सैंपलों की रिपोर्ट के इंतजार में बैठा है। इतनी गर्मी के सीजन में भी स्वाइन फ्लू का प्रकोप होना चिकित्सा अधिकारियों की समझ से परे है। ऐसे में उनका भी मानना है कि वायरस ने अपनी प्रकृति बदल ली है जिससे वह अब किसी भी मौसम में जिंदा रह सकता है। फिलहाल चिकित्सकों ने आमजन से इस रोग से बचाव के लिए सावधानी बरतने की अपील की है।
उधर, रोज आ रहे नए मामलों में विभाग की ओर से पांच नए पॉजीटिव मिलने की और पुष्टि हुई है।
स्वाइन फ्लू का शिकार होने वालों में झालाना डूंगरी निवासी मो. इरसाद (34), जगतपुरा निवासी पवन अग्रवाल (58), अग्रवाल फार्म निवासी लक्ष्मण दास खत्री (58), रेनवाल निवासी सर्वेश (18 माह), चाकसू निवासी रामप्रसाद (75) और ब्रह्मपुरी निवासी संतोष सोनी (26) शामिल हैं।
मामले में सीएमएचओ जयपुर प्रथम डॉ.नरोत्तम शर्मा का कहना है कि कई अस्पतालों की जानकारी देरी से आ रही है। जिससे सही आंकलन नहीं हो पा रहा। विभाग सतर्कता बरत रहा है लेकिन वायरस इस बार मजबूत बना हुआ है।