एक यहूदी महिला इराक के रिफ्यूजी कैंप में दो हफ्तों रही थी लेकिन उसे इस बात का डर रहा कि आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट के लड़ाके उसे फिर से अपनी गिरफ्त में न ले ले।
आईएस के लड़ाकों से खुद को बचाने के लिए यहूदी महिला ने जो कदम उठाया है वह चौंका देने वाला है। पीड़िता दोबारा आईएस के हाथों में न आ जाए, इस डर के साथ उसने अपने शरीर को जला डाला है ताकि वह बदसूरत दिखे और फिर से उसका बलात्कार न हो सके।
ऐसा कदम उठाने के बाद 17 साल की पीड़िता के बाल, चेहरा और शरीर के बाकी अंग बूरी तरह से जल गए हैं।