बयान में बैठक में लिए गए फैसलों का हवाला देते हुए कहा गया है कि विभिन्न एजेंसियों के निर्बाध कामकाज को सुविधाजनक बनाने के लिए शिखर सम्मेलन स्थल पर ड्राई रन और मॉक अभ्यास आयोजित किए जाएंगे। बैठक का मुख्य उद्देश्य यहां 9 और 10 सितंबर को होने वाले जी-20 शिखर सम्मेलन से संबंधित तैयारी पहलुओं की समीक्षा करना था।
समिति ने शिखर सम्मेलन स्थल पर व्यवस्थाओं के साथ-साथ प्रोटोकॉल, सुरक्षा, हवाई अड्डे के समन्वय, मीडिया, बुनियादी ढांचे के उन्नयन और दिल्ली तथा पड़ोसी राज्यों में व्यवस्थाओं से संबंधित सभी पहलुओं का जायजा लिया। बयान में कहा गया है कि मिश्रा ने सभी एजेंसियों से जी-20 शिखर सम्मेलन को सफल बनाने के लिए 'संपूर्ण सरकार' के दृष्टिकोण से काम करने का आह्वान किया।
समिति के सदस्यों ने विभिन्न बैठकों के लिए प्रस्तावित स्थलों का भी दौरा किया और विवरणों का अवलोकन किया। इसमें कहा गया है कि ड्राई रन और मॉक अभ्यास करने का भी फैसला लिया गया ताकि विभिन्न एजेंसियां निर्बाध तरीके से काम कर सकें।
समिति ने आगामी जी-20 शिखर सम्मेलन के लिए विभिन्न तैयारी पहलुओं पर काम करने के लिए मार्गदर्शन और दिशा भी प्रदान की और अगले दो हफ्तों में आगे की समीक्षा के लिए फिर से बैठक करने का फैसला लिया। इस बैठक में अब तक हुई जी-20 बैठकों और भारत की जी-20 अध्यक्षता के तहत निर्धारित शेष बैठकों की समीक्षा का अवसर प्रदान किया गया।