देश में मानव तस्करी का, विशेषकर महिलाओं को लेकर एक घिनौना रूप सामने आया है। विदेशों में अकेले रहने वाले 60-65 साल के अमीर बुजुर्ग 18-20 साल की भारतीय युवतियों के साथ ब्याह रचा रहे हैं। वे ऐसा ओल्ड एज होम या फिर शेल्टर होम में जाने से बचने के लिए करते हैं।
चूंकि उन देशों में सामाजिक सुरक्षा को अधिक महत्व दिया जाता है, इसलिए कई सरकारों ने वहां पर यह प्रावधान कर रखा है कि यदि कोई बुजुर्ग जवान लड़की से शादी कर लेता है तो उसे अपने घर में ही रहने की इजाजत दे जाती है।
महाराष्ट्र, कर्नाटक, बिहार, छत्तीसगढ़, झारखंड, मध्यप्रदेश, ओडिसा, मिजोरम, असम और पंजाब सहित कई दूसरे राज्यों से युवतियों को मानव तस्करी के जरिए वहां तक पहुंचाया जा रहा है।
विदेशों में बुजुर्गों के लिए बना नया प्रावधान है फायदेमंद : कृष्णा प्रकाश
मानव तस्करी के इस नए ट्रेंड पर नजर रखने वाले महाराष्ट्र पुलिस के आईजी (पीएडब्लू) कृष्णा प्रकाश का कहना है कि कई देशों में यह देखने को मिल रहा है। कुछ देशों में तो यह परपंरा भी रही है कि वे बुजुर्ग लोग जो अपने घर में अकेले रह रहे हैं, सुरक्षा के चलते उन्हें ओल्ड एज होम में भेजा जाता है। ये लोग उच्च कर दाता होते हैं, लिहाजा सरकार भी इनका खास ध्यान रखती है।
बहुत से लोग ऐसे भी हैं जो अपना घर छोड़कर कहीं दूसरी जगह पर नहीं जाना चाहते। सरकार द्वारा तैयार किए गए कई ओल्ड एज होम पहले से ही भरे रहते हैं, इसलिए वहां की सरकारों का भी यह प्रयास रहता है कि उनमें कम से कम संख्या में बुजुर्ग आयें। इसके लिए सरकारों ने एक प्रावधान कर दिया है, अगर कोई व्यक्ति जवान महिला से शादी कर लेता है तो उसे ओल्ड एज होम में नहीं जाना पड़ेगा।
आस्ट्रेलिया, मध्य पूर्व के देश, कनाडा और खाड़ी के देश जैसे, बहरीन, कुवैत, कतर, सउदी अरब और यूएई में भी यह प्रचलन है। मानव तस्करी के जरिए भारतीय युवतियों को वहां पहुंचाया जा रहा है।