भूटान के पीएम शेरिंग तोबगे ने अपने देश की भूमि का उपयोग भारत विरोधी गतिविधि के लिए नहीं होने देने का आश्वासन दिया है। तोबगे ने दोनों देशों के बीच संबंधों को मजबूत करने पर जोर दिया।
भूटानी प्रधानमंत्री दोनों देशों के द्विपक्षीय रिश्तों के स्वर्ण जयंती वर्ष पर पीएम नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर भारत आए हैं। हैदराबाद हाउस में द्विपक्षीय वार्ता के दौरान दोनों देशों ने रक्षा, कृषि, ऊर्जा और निर्माण क्षेत्र में परस्पर सहयोग बढ़ाने पर सहमति दी।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने कहा कि दोनों देशों के रिश्ते परस्पर विश्वास, साझा दृष्टिकोण, सौहार्द और समझ पर आधारित हैं। दोनों देशों के संबंध समय की कसौटी पर खरे उतरे हैं। द्विपक्षीय वार्ता में दोनों प्रधानमंत्रियों के बीच रक्षा, सुरक्षा और रणनीतिक सहयोग बढ़ाने पर सहमति बनी है। प्रवक्ता ने उम्मीद जताई कि द्विपक्षीय वार्ता से दोनों देशों के कूटनीतिक संबंधों में और मजबूती आएगी।
गौरतलब है कि बृहस्पतिवार को भारत आए तोबगे ने इसी दिन विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से मुलाकात की थी। स्वदेश वापसी से पूर्व तोबगे ऊर्जा मंत्री आरके सिंह और रेल मंत्री पीयूष गोयल से भी मुलाकात करेंगे।