ट्विटर के नए सीईओ पराग अग्रवाल का जन्म राजस्थान के अजमेर शहर के सरकारी जवाहर लाल नेहरू चिकित्सालय में हुआ था। उनका परिवार मूलत: अजमेर का है।
1984 में उनके पिता राम गोपाल मुंबई में काम करते थे, लेकिन पत्नी को प्रसव के लिए उन्होंने अजमेर में अपने माता-पिता के पास भेजा। उस समय वे मुंबई में प्राइवेट अस्पताल में प्रसव करवाने का खर्च नहीं उठा सकते थे। लेकिन आज उनकी मेहनत और त्याग का परिणाम आ चुका है जब पराग विश्व के प्रमुख सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म में से एक ट्विटर के सीईओ बने।
इस समय पराग के माता-पिता रामगोपाल और शशि अमेरिका में रहते हैं। माना जा रहा है कि वे चार दिसंबर को अजमेर आएंगे, जहां उनका सम्मान होगा। परिवार से जुड़े लोगों ने बताया कि पराग के दादा-दादी शहर के भीड़ भरे धानमंडी व विख्यात दरगाह से केवल 500 मीटर दूर स्थित खजाना गली में एक किराये के मकानों में रहे थे। दूसरी ओर काम के चलते पिता रामगोपाल को मुंबई आना पड़ा।
7.50 करोड़ होगा वेतन, बोनस-स्टॉक्स अलग से
ट्विटर द्वारा अमेरिकी सिक्युरिटीज एंड एक्सचेंज कमीशन में दी जानकारी के अनुसार, पराग का वेतन 10 लाख डॉलर यानी 7.50 करोड़ रुपए सालाना होगा। 37 साल के पराग को बोनस और 94 करोड़ रुपए मूल्य के कंपनी के रिस्ट्रिक्टेड स्टॉक दिए जाएंगे। काम अच्छा किया तो विशेष स्टॉक भी दिए जाएंगे। 10 साल कंपनी की सेवा करने के बदले उन्हें पहले भी स्टॉक दिए गए हैं, जिनकी कीमत का खुलासा नहीं हुआ है।
पूर्व सीईओ डॉर्सी लेते थे 106 रुपये वेतन
पूर्व सीईओ डॉर्सी सालाना 1.40 डॉलर यानी 106 रुपए वेतन ही लेते थे। हालांकि उन्होंने हजारों करोड़ रुपए मूल्य के स्टॉक बेचे। करीब 2.78 लाख करोड़ रुपए मूल्य की ट्विटर कंपनी में उनकी 2.26 प्रतिशत हिस्सेदारी है। 2009 उन्होंने ऑनलाइन पेमेंट प्लेटफॉर्म स्क्वायर बनाया था, जो ट्विटर से तीन गुना बड़ा है, यहां डोर्सी का हिस्सा 11 प्रतिशत है।
एलन मस्क ने कहा-अमेरिका को भारतीयों से फायदा ‘बचपन की दोस्त’ श्रेया घोषाल ने दी बधाइयां
पराग के ट्विटर सीईओ बनने पर वित्त कंपनी स्ट्राइप के सीईओ पैट्रिक कोलिसन ने ट्वीट किया ‘अमेरिका की छह प्रमुख तकनीकी कंपनियों गूगल, माइक्रोसॉफ्ट, अडोबी, आईबीएम, पालो एल्टो नेटवर्क और अब ट्विटर के सीईओ आज ऐसे भारतीय हैं जो भारत में ही पले-बढ़े।
तकनीक की दुनिया में भारतीयों की इस विलक्षण सफलता को देखना शानदार बात है।’ इस पर संसार के प्रमुख अरबपति इलोन मस्क ने जवाबी ट्वीट किया, ‘भारत की प्रतिभाओं से अमेरिका को बहुत से फायदे हुए हैं।’
गायिका श्रेया घोषाल ने पराग के सीईओ बनने को गर्व की बात बताया और बधाई दी। उल्लेखनीय है कि श्रेया और पराग पुराने मित्र हैं। श्रेया ने 2010 में पराग के जन्मदिन पर फॉलोअर्स को इस ‘बचपन के दोस्त’ को फॉलो करने के लिए कहा था।
वहीं, ट्विटर पर मई 2020 से प्रतिबंधित चल रही फिल्म अभिनेत्री कंगना ने पराग तो नहीं, लेकिन जैक डोर्सी के लिए अपने इंस्टाग्राम पर लिखा, ‘बाय चाचा जैक...।’ वहीं गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई ने पराग की नियुक्ति को ट्विटर के भविष्य के लिए उत्साहित करने वाली खबर बताया।
शिक्षक भी बाग-बाग
- आईआईटी बॉम्बे के कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विभाग के प्रो. सुप्रतिम बिस्वास ने पराग को ‘टॉपर मटीरियल’ बताया। कहा, वह व्यवस्थित और अच्छे आचरण का छात्र था।
- आईआईटी बॉम्बे के ही निदेशक सुभाशीष चौधरी के अनुसार पराग ने संस्थान को गौरवान्वित किया है।
- पराग के पिता मुंबई के भाभा एटॉमिक रिसर्च सेंटर (बार्क) में कार्यरत थे, और मुंबई में जन्मी मां स्कूल टीचर के तौर पर रिटायर हुई हैं। पराग मुंबई के एटॉमिक एनर्जी स्कूल संख्या 4 और फिर 1999 से 2001 में यहां के जूनियर कॉलेज में कक्षा 11 व 12 पढ़े। यहां के प्रिंसिपल आनंद कुमार ने बताया कि वे हमेशा आईआईटी में जाना चाहते थे। वे हमेशा अपने प्रोजेक्ट में इनोवेशन लाते थे।