जब जब कांग्रेस को राहुल की जरूरत होती है राहुल विदेश घूमने निकल जाते हैं। या फिर किसी काम का बहाना कर विदेश पहुंच जाते हैं। राहुल एक बार फिर विदेश जा रहे हैं। इस बार वे नॉर्वे जा रहे हैं। अब जब हमने राहुल के पिछले विदेशी दौरों पर नजर डाली तो पाया कि महत्वपूर्ण मौकों पर देश से निकल जाना उनकी आदत में शुमार हो गया है।
राजद प्रमुख लालू यादव रविवार को पटना के गांधी मैदान में भाजपा भगाओ, देश बचाओ रैली का आयोजन कर रहे है। महागठबंधन के टूटने और बिहार सरकार से हटाए जाने के बाद आरजेडी यह रैली भाजपा के खिलाफ सभी विपक्षी पार्टियों को एकजुट करने और शक्ति प्रदर्शन करने के लिए आयोजित कर रही है। यहां राहुल एक बड़े विपक्षी नेता के रूप में उभर सकते हैं लेकिन वो विदेश जा रहे हैं।
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पिछले विदेशी दौरों की तरह इस बार भी राहुल देश छोड़ कर जा रहे हैं। पिछली बार वो इटली निकल गए थे। वो मौका तो आपको याद होगा जब राहुल पुलिस फायरिंग में मारे गए किसानों के परिजनों से मिलने के लिए मंदसौर गए थे।
हालांकि पुलिस ने उन्हें बीच रास्ते में ही रोक हिरासत में ले लिया था। दिल्ली वापिस लौटते हुए राहुल ने उदयपुर में किसानों से मुलाकात भी की थी। और किसानों को विश्वास दिलाया था कि वे केंद्र की मोदी सरकार से उनके हक की लड़ाई लड़ेंगे। और फिर राहुल इटली निकल गए थे। वो किसान आंदोलन छोड़ गए थे फिर जुलाई मे वे राष्ट्रपति चुनाव मंथन को बीच में छोड़ कर विदेश चले गए थे।
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