उन्होंने कहा, जॉयनगर के बामुनगाछी इलाके के टीएमसी क्षेत्र अध्यक्ष सैफुद्दीन लस्कर (47 वर्षीय) की 13 नवंबर को तड़के उनके घर के पास गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इसके बाद लस्कर के आक्रोशित समर्थकों ने दो कथित हमलावरों को पकड़ लिया और उनमें से एक की पीट-पीटकर हत्या कर दी। एक अन्य को पुलिस ने बचाया और गिरफ्तार कर लिया।
उन्होंने कहा कि हत्या के सिलसिले में रविवार रात गिरफ्तार किए गए तीन लोग इलाके में टीएमसी कार्यकर्ता के रूप में जाने जाते हैं। हालांकि, लिंचिंग के संबंध में कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है।
घटना के बाद स्थानीय टीएमसी विधायक विश्वनाथ दास ने दावा किया था कि लस्कर की हत्या के पीछे माकपा और भाजपा समर्थकों का हाथ है। वहीं, इस घटना के बाद पड़ोस के दलुआखली गांव में कई घरों में तोड़फोड़, लूटपाट की गई और आग लगा दी गई।
दलुआखली के कुछ लोगों ने दावा किया कि उनके घरों को निशाना बनाया गया और उनमें से कई पर इसलिए हमला किया गया क्योंकि वे माकपा समर्थक हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि पुलिस की मौजूदगी में उनके घरों में आग लगा दी गई और दमकल की गाड़ियों को आग बुझाने से रोका गया। पुलिस ने कहा कि गिरफ्तार किए गए लोगों को अदालत में पेश किया जाएगा, जिसके बाद उनसे पूछताछ की जाएगी।