पश्चिम बंगाल में हो रहे विधानसभा चुनाव में एशिया के सबसे बड़े रेड लाइट इलाके सोनागाछी में रहने वाले यौनकर्मियों के मन में वोट डालने का हक मिलने की उम्मीद जगी है। कोलकाता के इस इलाके में रहने वाले लोगों के पास वोटर कार्ड और अन्य मूल दस्तावेज नहीं हैं।
दरबार समुदाय के महासचिव पुतूल सिंह ने कहा कि कोलकाता में सालों से रहने के बावजूद हम लोग मताधिकार से वंचित हैं और हमें वोटर आईकार्ड तक जारी नहीं किए गए हैं। हम अपना वोट भी नहीं डाल सकते हैं। उन्होंने कहा कि काफी संघर्षों और चुनाव आयोग तथा प्रदेश सरकार से मुलाकात के बाद हममें से कुछ लोगों को वोटर आईकार्ड जारी किए गए।
आखिर हमारे साथ भेदभाव क्यों? हमारी तीन मांगे हैं- पहला, सभी यौनकर्मियों को मताधिकार दिया जाए, दूसरा यौनकर्मियों को अन्य नागरिकों की तरह सम्मान मिले और तीसरा दान के नाम पर गुंडागर्दी से निजात दिलाई जाए।
उन्होंने कहा कि समुदाय उसी को वोट देगा जो उनकी इन तीन मांगों को पूरा करेगा। एक अन्य यौनकर्मी कलावती देवी ने कहा कि सोनागाछी में बहुत लोगों के पास कोई दस्तावेज ही नहीं है। इसलिए हम मूलभूत सुविधाओं और वोट देने के अधिकार से वंचित हैं। अपनी मांगों को लेकर यौनकर्मियों ने प्रदर्शन भी किया था।