हमले के एक दिन बाद आध्या की गिरफ्तारी
उन्होंने कहा, ईडी के अधिकारियों पर भीड़ ने उस वक्त हमला किया, जब वे कथित राशन घोटाले के सिलसिले में आध्या से जुड़ी संपत्तियों की तलाशी लेने गए थे। अधिकारियों ने बताया कि बनगांव नगरपालिका के पूर्व अध्यक्ष आध्या को करीब 17 घंटे तक चली तलाशी के बाद गिरफ्तार किया गया था।
ईडी की टीम पर किया था पथराव
भीड़ ने कथित तौर पर ईडी की टीम को आध्या को अपने साथ ले जाने से रोकने की कोशिश की और उनके वाहनों पर पथराव किया था। उन्होंने बताया कि टीम के साथ मौजूद सीआरपीएफ कर्मियों को स्थिति को नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज करना पड़ा।
'शंकर आध्या के घर की मैपिंग-वीडियोग्राफी'
अधिकारियों ने बताया कि सीबीआई की टीम आध्या के घर गई है। उनके साथ फोरेंसिक विशेषज्ञ भी हैं। सीबीआई के अधिकारियों को आध्या के घर और आपसपास के इलाके की मैपिंग के लिए 3डी स्कैनर का इस्तेमाल करते भी देखा गया। उन्होंने मोहल्ले की वीडियोग्राफी भी की।
'टीएमसी नेता के परिवार को दिया नोटिस'
उन्होंने बताया कि सीबीआई के अधिकारियों ने आध्या के परिवार को नोटिस भी दिया और घर में लगे सीसीटी कैमरों की पांच जनवरी की फुटेज मांगी। केंद्रीय एजेंसी ने बनगांव नगर पालिका के मौजूदा अध्यक्ष गोपाल सेठ के घर का भी दौरा किया और सिमुलतला इलाके के सीसीटीवी फुटेज मांगे, जहां आध्या का घर है। सेठ ने कहा कि उन्होंने सीबीआई को बताया कि 25 दिनों तक का ही फुटेज स्टोर किया गया है।
सीबीआई के सामने पेश हुए शाहजहां के करीबी
इस बीच, शाहजहां शेख के एक करीबी सहयोगी जियाउद्दीन मोल्ला उसी दिन संदेशखाली मे ईडी की एक अन्य टीम पर हमले के सिलसिले में कोलकाता में सीबीआई के सामने पेश हुए। मोल्ला ने पत्रकारों से कहा कि वह जांच में सहयोग कर रहे हैं।