फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ईरान पर कब रुकेंगे हमले: क्या है इस्राइल का आखिरी लक्ष्य? भारत में नेतन्याहू के राजदूत ने खोले बड़े राज; जानिए

Tue, 24 Mar 2026 06:56 PM IST
Shubham Kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष कब थमेगा? ईरान पर हमले कब रुकेंगे? 25 दिनों से जारी इस संघर्ष में इस्राइल का आखिरी लक्ष्य क्या है? पाकिस्तान की मध्यस्थता की खबरों पर इस्राइल का रुख क्या रुख है? इन सभी सवालों के जवाब में भारत में इस्राइल के राजदूत रूवेन अजार ने नेतन्याहू का रुख साफ किया। आइए जानते हैं उन्होंने क्या-क्या कहा?

विज्ञापन
रूवेन अजार, इस्राइल के राजदूत - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष दिन-ब-दिन और भयावह होता जा रहा है। अमेरिका और इस्राइल के भीषण हमलों से दहक रहे मोर्चे पर ईरान भी इस्राइल और खाड़ी देशों में मैजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर जोरदार पलटवार कर रहा है। मिसाइलों और ड्रोन की गरज के बीच यह संघर्ष अब अपने 25वें दिन में प्रवेश कर चुका है और पूरे क्षेत्र में तनाव चरम पर है। इसी उग्र हालात के बीच अब भारत में इस्राइली राजदूत रूवेन अजार का बड़ा बयान सामने आया है।

विज्ञापन


राष्ट्रीय राजधानी नई दिल्ली में अजार ने एक साथ पाकिस्तान की तरफ से अमेरिका और इस्राइल की ईरान के खिलाफ युद्ध में मध्यस्थता को लेकर किए जा रहे दावे, इस संघर्ष में आगे डोनाल्ड ट्रंप की भूमिका और इस्राइल का मुख्य लक्ष्य इन सभी मुद्दों पर खुलकर इस्राइल का रुख साफ किया।

क्या इस्राइल हमले रोकेगा?
इस सवाल पर उन्होंने कहा कि फिलहाल जैसा हालात है, उसी के अनुसार काम किया जा रहा है। यानी बातचीत के साथ-साथ स्थिति को देखते हुए कार्रवाई भी जारी है। इसके साथ ही ईरान के साथ बातचीत वाले सवाल पर अजार ने कहा कि अभी यह साफ नहीं है कि ईरान सच में बातचीत के लिए गंभीर है या नहीं। लेकिन उन्होंने उम्मीद जताई कि लंबे समय से बनाए गए दबाव के कारण ईरान अब बातचीत के लिए तैयार हो सकता है। अगर बातचीत सफल नहीं हुई, तो कम से कम उसकी सैन्य ताकत कमजोर होगी।
विज्ञापन

 
ये भी पढ़ें:- प. एशिया संकट: फिलीपींस के राष्ट्रपति ने की राष्ट्रीय उर्जा आपातकाल की घोषणा, जंग से आपूर्ति को पैदा हुआ खतरा


क्यों जारी है हमले, क्या बोले अजार?
इस सवाल के जवाब में इस्राइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के एक बयान का जिक्र करते हुए अजार ने कहा कि हमले इसलिए जारी हैं क्योंकि अभी भी ईरान के कई सैन्य लक्ष्य बाकी हैं। उन्होंने कहा कि खासकर हिजबुल्ला लगातार इस्राइल पर मिसाइल और रॉकेट हमले कर रहा है, जो पूरी तरह अस्वीकार्य है। इसी वजह से इस्राइल अपनी सुरक्षा के लिए कार्रवाई जारी रखेगा।

इस्राइल का अंतिम लक्ष्य क्या है?
इसके साथ ही अजार ने साफ कहा कि इस्राइल का मकसद ईरान के परमाणु खतरे को खत्म करना, मिसाइल प्रोग्राम को रोकना और प्रॉक्सी समूहों के समर्थन को खत्म करना है। उन्होंने कहा कि इस्राइल अब तक ईरान की सैन्य क्षमता को काफी हद तक कमजोर कर चुका है और यह कार्रवाई तब तक जारी रहेगी जब तक या तो अमेरिका और ईरान के बीच ऐसा समझौता न हो जाए जो इस्राइल के हित सुरक्षित करे या फिर सभी सैन्य लक्ष्य पूरे न हो जाएं।

ये भी पढ़ें:- कौन है मोहम्मद बाघेर जोलगाद्र?: जिसे बनाया ईरान का नया सुरक्षा प्रमुख, लारिजानी की मौत के बाद नई नियुक्ति
विज्ञापन


पाकिस्तान की मध्यस्थता वाले सवाल पर क्या बोले अजार?
पाकिस्तान की मध्यस्थता वाली खबरों को लेकर अजार ने कहा कि जब तक हमारी शर्तें और मांगे पूरी होती रहेंगी, अमेरिका को यह फैसला करना होगा कि वह कहां और कैसे बातचीत करना चाहता है।  अजार ने अपना रुख साफ करते हुए कहा कि इस्राइल के लिए सबसे अहम अपने हित हैं, और जब तक उसके हित पूरे हो रहे हैं, उसे इस बात से ज्यादा फर्क नहीं पड़ता कि बातचीत कौन करवा रहा है।

ट्रंप के फैसले पर क्या बोले अजार
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तरफ से ईरान के ऊर्जा ठिकानों पर हमले रोकने के फैसले को अजार ने अच्छा कदम बताया। उन्होंने कहा कि यह दिखाता है कि दबाव के कारण ईरान अब बातचीत का रास्ता खोज रहा है। अजार ने कहा कि अमेरिका पहले ही साफ कर चुका है कि ईरान का समृद्ध यूरेनियम हटाया जाएगा, बैलिस्टिक मिसाइल प्रोग्राम पर रोक लगेगी और प्रॉक्सी समूहों को समर्थन बंद करना होगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस बार ईरान अंतरराष्ट्रीय समुदाय की शर्तें मान सकता है।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें