विश्व हिंदू परिषद (विहिप) ने सोमवार को राज्यसभा सांसद और अभिनेता कमल हासन की सनातन धर्म पर की गई विवादित टिप्पणी को लेकर उनकी कड़ी आलोचना की। विहिप ने उन पर 'हिंदू समाज को बदनाम' करने के एजेंडे के तहत काम करने का आरोप लगाया।
विहिप का यह बयान ऐसे समय में आया है, जब मक्कल निधि मय्यम (एमएनएम) प्रमुख हासन ने यह कहकर राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया कि शिक्षा ही एकमात्र हथियार है, जो तानाशाही और सनातन धर्म की जंजीरों को तोड़ सकती है।
जानबूझकर हिंदू समाज को बदनाम कर रहे हासन: जैन
विहिप के राष्ट्रीय महासचिव सुरेंद्र जैन ने कहा कि जो लोग 'सनातन' के बारे में ऐसी बातें कहते हैं, वे या तो 'शरारती' हैं या 'निर्दोष'। उन्होंने कहा, 'कमल हासन निर्दोष नहीं हो सकते। वह जानबूझकर हिंदू समाज को बदनाम करने के एजेंडे के तहत काम कर रहे हैं।'
ये भी पढ़ें: Kamal Haasan: सनातन धर्म को लेकर कमल हासन के बिगड़े बोल; बोले- शिक्षा ही एकमात्र हथियार है, जो तानाशाही और...
हासन और आह्वाड एक ही मानसिकता के
वरिष्ठ विहिप पदाधिकारी ने राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शपा) नेता जितेंद्र आह्वाड की उस कथित टिप्पणी की भी आलोचना की, जिसमें उन्होंने कहा था कि 'सनातन ने भारत को बर्बाद कर दिया है।' जैन ने कहा कि कमल हासन और आह्वाड एक ही मानसिकता के हैं। जैन ने कहा, 'आपमें सनातन के बारे में इतना कहने का साहस है क्योंकि सनातन दयालु है और हर तरह के विरोध और असहमति की अनुमति देता है।'
लोगों को प्रेम और आपसी संबंधों के बंधन से जोड़ता है सनातन धर्म
जैन ने आगे कहा कि किसी भी सभ्य समाज में अभद्र भाषा स्वीकार नहीं की जा सकती है। विहिप पदाधिकारी जैन ने कहा कि सनातन धर्म लोगों को प्रेम और आपसी संबंधों के बंधन से जोड़ता है और समाज व व्यक्ति को आत्मिक रूप से मुक्त करता है। उन्होंने कहा, 'कमल हासन, आप प्रेम और आपसी संबंधों के इस बंधन को नहीं तोड़ सकते। सनातन की जड़ें दक्षिण भारत में उतनी ही मजबूत हैं, जितनी उत्तर भारत में। दक्षिण भारत के मंदिरों में सनातन का जीवंत रूप देखा जा सकता है।'
चेन्नई में एक कार्यक्रम में सनातन धर्म पर साधा था निशाना
गौरतलब है कि कमल हासन ने तमिलनाडु के चेन्नई में एक कार्यक्रम के दौरान सनातन धर्म पर निशाना साधा था। उन्होंने कहा, 'शिक्षा ही एकमात्र हथियार है, जो तानाशाही और सनातन विचारधारा की जंजीरों को तोड़ सकती है। अपने हाथ में कुछ और मत लो, सिर्फ शिक्षा लो। इसके बिना हम जीत नहीं सकते। इसलिए हमें शिक्षा को मजबूती से थामे रखना चाहिए।'
ये भी पढ़ें: Kamal Haasan: 'शिक्षा ही एकमात्र हथियार, जो तोड़ सकती है सनातन धर्म की जंजीरें', कमल हासन के बयान पर मचा बवाल
'शिक्षा को मजबूती से थामे रखना चाहिए'
कमल हासन ने आगे कहा, 'बहुसंख्यक मूर्ख तुम्हें हरा देंगे। अकेला ज्ञान ही पराजित प्रतीत होगा। इसलिए हमें शिक्षा को मजबूती से थामे रखना चाहिए।' राज्यसभा सांसद ने कहा, 'सच्ची शिक्षा और बिना शर्त प्यार मिलना मुश्किल है। अपनी माताओं के अलावा अगरम फाउंडेशन जैसी संस्थाएं उन कुछ जगहों में से हैं, जहां हम उन्हें अभी भी पा सकते हैं।'
'सामाजिक कार्यों में हमें कांटों का ताज पहनाया जाता है'
उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि सिनेमा में प्रसिद्धि के मुकुटों से मिलने वाली पहचान, समाज सेवा के माध्यम से मिलने वाली अदृश्य, लेकिन प्रभावशाली पहचान से अलग है। उन्होंने कहा, 'सिनेमा में हमें हमारे अभिनय के लिए ताज पहनाया जाता है, लेकिन सामाजिक कार्यों में हमें कांटों का ताज पहनाया जाता है। उस ताज को स्वीकार करने के लिए मजबूत दिल चाहिए। कोई और हमारे लिए यह नहीं करेगा, हमें यह खुद करना होगा।'