विदेशी मेहमानों के सामने पेश की उत्तर प्रदेश की बदलती तस्वीर
- योगी ने कहा, विश्वस्तरीय सुविधाओं के साथ यूपी बदल गया है। नई औद्योगिक नीति के साथ निवेश आकर्षित करने के लिए 25 नीतियों को तैयार कर औद्योगिक विकास के लिए पारिस्थितिकी तंत्र में अनेक सुधार किए गए हैं।
- वायु, जल, सड़क एवं रेल नेटवर्क के माध्यम से निर्बाध कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने के लिए तेजी से बुनियादी ढांचे का विकास हो रहा है। इससे उद्योगों को वैश्विक और घरेलू बाजार तक पहुंच बनाने में लॉजिस्टिक्स की सुलभता बढ़ेगी।
- नई नीति एक विकल्प आधारित मॉडल प्रदान करती हैं, जो उत्पादन, रोजगार एवं निर्यात को प्रोत्साहित करती है। सर्कुलर इकोनॉमी और ग्रीन हाइड्रोजन जैसे नए क्षेत्रों को भी प्रोत्साहित कर रहे हैं।
- अटल इंडस्ट्रियल इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन का शुभारंभ हो चुका है। पीएम गति शक्ति नेशनल मास्टर प्लान को लागू करने में अग्रणी राज्यों में हैं।
- राज्य में संचालित 72 विश्वविद्यालयों तथा 169 औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों साथ प्रदेश में सबसे बड़ी युवा जनसंख्या है। कौशल विकास संस्थानों और विनिमय कार्यक्रमों के लिए व्यापक अवसर दिया जा रहा है। एक निवेशक के लिए यह सभी परिवेश निवेश का शानदार माहौल देने वाले हैं।
- डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित किया जा रहा है। आगरा, अलीगढ़, कानपुर, लखनऊ, झांसी और चित्रकूट में से अलीगढ़ नोड्स का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहले ही कर चुके हैं। अन्य में भूमि आवंटन प्रगति पर है।
- यमुना एक्सप्रेसवे के पास पहले मेडिकल डिवाइस पार्क का शुभारंभ हुआ है। यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र में फिल्म सिटी, टॉय पार्क, अपैरल पार्क, हैंडीक्राफ्ट पार्क, लॉजिस्टिक हब विकसित किए जा रहे हैं।
- ग्रेटर नोएडा में आईआईटी जीएनएम, बरेली में मेगा फूड पार्क, उन्नाव में ट्रांस गंगा सिटी, गोरखपुर में प्लास्टिक पार्क, गोरखपुर में गारमेंट पार्क विकसित किया जा रहा है।
नए अध्याय का शंखनाद, खुशहाली की लिखेंगे इबारत
ग्लोबल समिट नए भारत के नए उत्तर प्रदेश में नए अध्याय का शंखनाद है। राज्य के 25 करोड़ लोगों के जीवन में खुशहाली लाने की इबारत लिखेगा। यूपी में सुशासन है और राज्य बदहाली से बाहर निकल गया है। मुख्यमंत्री योगी के नेतृत्व में राज्य उत्तम प्रदेश बना है और सर्वोत्तम बनने की ओर अग्रसर है। अब एमओयू सिर्फ कागज तक नहीं बल्कि धरातल पर दिखते हैं। - नंद गोपाल गुप्ता नंदी, औद्योगिक विकास मंत्री
अमृत काल में सब कुछ संभव
ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के माध्यम से दस लाख करोड़ निवेश का लक्ष्य है। न्यू इंडिया और अमृत काल में सब कुछ संभव होगा। राज्य में कानून व्यवस्था बेहतर है। ऑनलाइन एमओयू और पारदर्शिता के साथ एयरपोर्ट, एक्सप्रेसवे, मेट्रो, स्मार्ट सिटी, रैपिड ट्रेन कॉरिडोर नेटवर्क जैसी ढांचागत सुविधाएं निवेशकों को आकर्षित करेंगी। - दुर्गा शंकर मिश्र, मुख्य सचिव
सीआईआई-फिक्की ने कहा- निवेश का शानदार माहौल
सीआईआई को यूपी जीआईएस-2023 का इंडस्ट्री पार्टनर होने पर गर्व है। यूपी में निवेश का अनुकूल माहौल बना है। राज्य को एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने की महत्वाकांक्षी योजना में ग्लोबल समिट मील का पत्थर साबित होगा। - संजीव पुरी, सीआईआई के उपाध्यक्ष
ढांचागत विकास में अभूतपूर्व काम हुआ
ढांचागत विकास के लिहाज से यूपी में अभूतपूर्व काम हुआ है। ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के पैमाने पर प्रयास शानदार है। आईटी, आईटीएस, स्टार्टअप, इलेक्ट्रॉनिक व्हीकल, डिफेंस और एयरोस्पेस जैसी नई नीतियों ने उद्योग जगत प्रोत्साहित किया है। - शुभ्र कुमार पंडा, फिक्की के अध्यक्ष