पर्यावरण मंत्री ने यह रेखांकित किया कि प्रत्येक व्यक्ति को यह सुनिश्चित करने की जरूरत है कि उसकी जीवनशैली हर स्तर पर धरती पर उपलब्ध संसाधनों के अनुरूप हो।
केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने मंगलवार को भारत-डेनमार्क के एक संयुक्त मंच पर कहा कि अस्थिर उत्पादन और खपत पर तुरंत ध्यान देने की जरूरत है। साथ ही उन्होंने कहा कि दोनों देश जलवायु लक्ष्यों को हासिल करने में एक उदाहरण स्थापित कर सकते हैं।
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पर्यावरण मंत्री ने यह रेखांकित किया कि प्रत्येक व्यक्ति को यह सुनिश्चित करने की जरूरत है कि उसकी जीवनशैली हर स्तर पर धरती पर उपलब्ध संसाधनों के अनुरूप हो। ‘भारत-डेनमार्क : हरित एवं टिकाऊ प्रगति के लिए साझेदारी सम्मेलन’ में मंत्री ने इस बात का जिक्र किया कि भारत-डेनमार्क हरित रणनीतिक साझेदारी न सिर्फ दोनों देशों में, बल्कि यूरोप और पूरे विश्व में भी सतत जीवनशैली को बढ़ावा देने के लिए विचारों, सर्वश्रेष्ठ पहल, ज्ञान, प्रौद्योगिकी का आदान-प्रदान करने तथा क्षमता निर्माण के लिए एक उपयुक्त मंच है। इस दौरान डेनमार्क के क्राउन प्रिंस फ्रेडरिक आंद्रे हेनरिक क्रिश्चियन और उनकी पत्नी मौजूद रहीं।
क्राउन प्रिंस ने भारत के प्रयासों की सराहना की
डेनमार्क के क्राउन प्रिंस फ्रेडरिक आंद्रे हेनरिक क्रिश्चियन ने मंगलवार को हरित भविष्य की दिशा में भारत के प्रयासों की तारीफ करते हुए कहा, भारत में देखे गए परिवर्तन आश्चर्यजनक हैं। क्रिश्चियन ने कहा, आज दोनों देशों के बीच साझेदारी मजबूत है। हम दोनों एक हरित भविष्य की ओर बढ़ रहे हैं। इस सम्मेलन के साथ, भारत और डेनमार्क सभी के लिए एक हरित भविष्य प्राप्त करने के लिए एक नया कदम और करीब ले गए हैं। यह मेरी विनम्र कामना है कि एक साथ यह समृद्ध यात्रा जारी रहे।