केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राज्य प्रतिनिधियों के साथ एक बजट पूर्व परामर्श का आयोजिन किया। ये प्रतिनिधि उद्योग, पेशेवर, व्यवसाय, शिक्षाविदों, अर्थशास्त्रियों, महिलाओं और आदिवासी व पिछड़े वर्गों जैसे समुदायों और पृष्ठभूमियों से थे।
इस विचार-विमर्श में 25 राज्यों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। भाग लेने वाले नेता उत्तर-पूर्वी राज्यों मिजोरम व त्रिपुरा समेत झारखंड, छत्तीसगढ़, लद्दाख, तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक और तेलंगाना आदि से थे। महाराष्ट्र, गुजरात, मध्यप्रदेश, राजस्थान और ओडिशा के प्रतिनिधि भी इसमें शामिल हुए।
इन प्रतिनिधियों ने अपने-अपने राज्यों के आर्थिक विकास के लिए परामर्श वित्त मंत्री के सामने रखे। कुछ प्रख्यात थिंक टैंक और मोर्चा अध्यक्षों ने भी अपने विचारों और सुझावों से सीतारमण को अवगत कराया। इस दौरान लगभग 20 लिखित आवेदन प्राप्त किए गए, जो वित्त मंत्री के पास पहुंचाए जाएंगे।
अपने समापन बयान में वित्त मंत्री सीतारमण ने इस परामर्श में शामिल होने वाले सभी लोगों को धन्यवाद कहा और उनके महत्वपूर्ण सुझाओं का स्वागत किया। उल्लेखनीय है कि आगामी केंद्रीय बजट एक फरवरी को पेश किया जाएगा। 17वीं लोकसभा के आठवें सत्र की शुरुआत 31 जनवरी से होनी है।