पीएचडी में योगा शामिल करने के बाद विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (नेट) में भी योगा को शामिल कर लिया है। अभ्यर्थी अब योगा से नेट कर सकेंगे। यूजीसी ने इसका आदेश जारी कर दिया है। परीक्षा में योगा के तहत किस तरह के प्रश्न पूछे जाएंगे इसके लिए वेबसाइट पर सिलेबस भी जारी कर दिया है।
योगा में नेट होने से फिजिकल एजुकेशन के शिक्षकों के तरक्की के रास्ते खुल जाएंगे। उनको डिग्री कॉलेजों में पढ़ाने का मौका मिल सकेगा। इस सत्र में होने वाली नेट की परीक्षा में अभ्यर्थी योगा को चुन सकेंगे। योगा में अबतक पीएचडी करने की सुविधा नहीं थी। पिछले दिनों यूजीसी ने अभ्यर्थियों ने इसके लिए रास्ता खोल दिया।
अब योगा से पीएचडी की जा सकती है। पीएचडी धारक न होने के कारण कॉलेजों में बीपीएड और एमपीएड वालों को ही रखा जाता था। सहायक प्रोफेसर बनने के लिए अब योगा से नेट करना जरूरी होगा। इसलिए ही यूजीसी ने नेट में योगा को शामिल किया।
नेट का यह है योगा का सिलेबस
रुहेलखंड विश्वविद्यालय के बीएड विभाग के प्रोफेसर बीआर कुकरेती का कहना है कि यूजीसी ने अच्छा कदम उठाया है। कॉलेजों में फिजिकल एजुकेशन के शिक्षकों के पद खाली पड़े हैं। नेट होने से कॉलेजों में फिजिकली एजुकेशन की पढ़ाई व्यवस्था बेहतर हो सकेगी।
नेट का यह है योगा का सिलेबस
-फाउंडेशन ऑफ योगा: हिस्ट्री, इवोल्यूशन ऑफ योगा एंड स्कूल्स ऑफ योगा।
-बेसिक योगा टेक्स्ट: प्रिंसिपल ऑफ उपनिषद भागवत गीता, योगा वशिष्ठा।
-पतंजला योगा सूत्र।
-एलाइड साइंस: अनाटॉमी एंड फिजिकोलॉजी, डाइट न्यूट्रीशन, जनरल फिजिकोलॉजी एंड काउंसलिंग।
-योगा एंड हेल्थ।
-थेरेपेटिक योगा: डिसीज वाइज एंड एविडेंस बेस्ड ।
-एप्लीकेशन ऑफ योगा।
-प्रैक्टीकल योगा : आसन, प्रणाम, धराना ध्यान, बंधा, मुद्रा, शत क्रिया।
-मैथड््स ऑफ टेक्नीकल योगा।