कैलाशहर विधानसभा क्षेत्र से माकपा विधायक अली तृणमूल कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सुबल भौमिक के साथ 27 जनवरी को दिल्ली में त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा और पार्टी के पूर्वोत्तर समन्वयक संबित पात्रा की उपस्थिति में भाजपा में शामिल हो गए थे।
त्रिपुरा में मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (CPIM) ने विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा में शामिल होने के लिए सोमवार को पार्टी विधायक मबशर अली को 'देशद्रोही' करार दिया। माकपा के वरिष्ठ नेता पबित्रा कार ने कहा कि मबशर अली एक देशद्रोही है, जिसने महज एक टिकट के लिए पार्टी को धोखा दिया और उन्हें पार्टी से निकाल दिया गया है।
विज्ञापन
मबशर अली ने 27 जनवरी को ली थी भाजपा की सदस्यता
कैलाशहर विधानसभा क्षेत्र से माकपा विधायक अली तृणमूल कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सुबल भौमिक के साथ 27 जनवरी को दिल्ली में त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा और पार्टी के पूर्वोत्तर समन्वयक संबित पात्रा की उपस्थिति में भाजपा में शामिल हो गए थे। बता दें कि त्रिपुरा में विधानसभा चुनाव 16 फरवरी को होने हैं। अली को कैलाशहर निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा का टिकट दिया गया था।
मबशर अली का टिकट कटने की यह रही वजह
सीपीआई (एम) के टिकट पर 2018 त्रिपुरा विधानसभा चुनाव जीतने वाले अली को सीपीआई (एम) द्वारा टिकट से वंचित कर दिया गया था क्योंकि उनका निर्वाचन क्षेत्र कांग्रेस के साथ "सीट समायोजन" के हिस्से के रूप में कांग्रेस को दिया गया था। पार्टी की राज्य समिति के सदस्य कार ने पीटीआई से कहा कि हमने मबशर अली से बात की और उन्हें बताया कि उनकी सीट कांग्रेस उम्मीदवार (बिरजीत सिन्हा) को क्यों दी गई। कार ने कहा कि कांग्रेस के साथ जाने का फैसला पार्टी के पोलित ब्यूरो और राज्य समिति ने देश में मौजूदा स्थिति को ध्यान में रखते हुए लिया है।