बाल अधिकार कार्यकर्ताओं ने सुप्रीम कोर्ट को लड़कियों को गोद लिए जाने के बारे में जानकारी दी है। HAQ: सेंटर फॉर चाइल्ड राइट्स की सह-संस्थापक और कार्यकारी निदेशक भारती अली ने शीर्ष अदालत में बताया कि गोद लेते समय लड़कियों को पसंद किये जाने की कोई प्रवृत्ति नहीं है। देश में अधिक लड़कियों को छोड़ दिया जाता है। जिससे उनकी संख्या ज्यादा है। इस कारण लड़कों की तुलना में उन्हें गोद लेने की संख्या में वृद्धि हुई है।