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Bengal: 'मतदाता सूची में फर्जी नाम जोड़ने की कोशिश कर रही भाजपा', अभिषेक बनर्जी ने EC की भूमिका पर उठाए सवाल

Sat, 15 Mar 2025 10:38 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता।

सार

Bengal: टीएमसी नेता अभिषेक बनर्जी ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए भाजपा पर मतदाता सूची में फर्जी नाम जोड़ने की कोशिश करने का आरोप लगाया। उन्होंने टीएमसी कार्यकर्ताओं से सतर्क रहने और मतदाता सूची की गहन जांच करने की अपील की।
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अभिषेक बनर्जी - फोटो : एएनआई (फाइल)
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विस्तार
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तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने शनिवार को पश्चिम बंगाल में चुनाव कराने में चुनाव आयोग (ईसी) की भूमिका पर सवाल उठाए। उन्होंने केंद्र की सत्तारूढ़ पार्टी पर आरोप लगाया कि वह चुनाव आयोग का उपयोग करके मतदाता सूची में फर्जी नाम जोड़ने की कोशिश कर रही है। 

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अभिषेक बनर्जी ने आरोप लगाया कि 2014 में भाजपा के सत्ता में आने के बाद से चुनाव आयोग की स्वतंत्र भूमिका प्रभावित हुई है। उन्होंने पार्टी की आगामी 2026 विधानसभा चुनावों की रणनीति और राज्य में मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं का पता लगाने के प्रयासों पर चर्चा के लिए आयोजित एक वर्चुअल बैठक में यह बात कही। इस बैठक में टीएमसी की राज्य समिति के नेता, सांसद, विधायक और स्थानीय प्रतिनिधि मौजूद थे। 

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उन्होंने महाराष्ट्र का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां चुनाव जीतने के लिए चार महीनों में 39 लाख फर्जी मतदाता जोड़े गए। बनर्जी ने टीएमसी कार्यकर्ताओं से सतर्क रहने का आह्वान किया और कहा कि 16 अप्रैल से सत्यापन कार्य शुरू होगा और किसी भी हेराफेरी को रोकना होगा। उन्होंने हर विधानसभा क्षेत्र में प्रशिक्षण शिविर आयोजित करने की योजना बनाई, ताकि जमीनी नेता मतदाता सूची का सही तरीके से सत्यापन कर सकें। उन्होंने बताया कि अगले पांच दिनों में जिला समितियां बनाई जाएंगी, 21 मार्च से ब्लॉक स्तर की समितियां और 28 मार्च से 3 अप्रैल तक अंचल और वार्ड समितियां गठित की जाएंगी। 
  
बनर्जी ने 2021 के विधानसभा चुनावों का जिक्र करते हुए कहा कि कोरोना की स्थिति के बावजूद चुनाव आयोग ने कई चरणों में चुनाव कराए और भाजपा की मदद के लिए जिला मजिस्ट्रेट और पुलिस अधिकारियों का तबादला किया। उन्होंने 'लक्ष्मी भंडार' योजना की सराहना करते हुए कहा कि केंद्र की मदद के बिना भी राज्य ने इस योजना को चलाया और यह योजना आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं के चेहरे पर मुस्कान लाई। 
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उन्होंने भाजपा पर झूठे वादे करने का आरोप लगाया और कहा कि महाराष्ट्र में चुनाव से पहले पैसे देने का वादा किया गया था, लेकिन बाद में बजट में कटौती कर दी गई। उन्होंने टीएमसी नेताओं से उन क्षेत्रों पर फोकस करने का आग्रह किया, जहां पिछले चुनाव में पार्टी का प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। साथ उन्होंने मतदाता सूची की गहन जांच को प्राथमिकता देने की बात कही। टीएमसी के राज्य अध्यक्ष सब्रत बक्शी और अन्य वरिष्ठ नेता भी इस बैठक में मौजूद थे। पार्टी ने सोशल मीडया पर कहा कि वह चुनावी कदाचार के खिलाफ मजबूती से खड़ी है और लोकतंत्र से कोई समझौता नहीं किया जा सकता। 

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