लोकसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक दलों ने अपने उम्मीदवारों की घोषणा करना शुरू कर दी है। रविवार को कोलकाता में टीएमसी ने 'मैगा रैली' में बंगाल की सभी 42 लोकसभा सीटों पर अपने उम्मीदवारों के नामों का एलान कर दिया है। टीएमसी उम्मीदवारों के नामों की सूची विपक्षी गठबंधन 'इंडिया' के लिए झटका है। गौरतलब है कि टीएमसी विपक्षी गठबंधन का सहयोगी दल है, जो सीट बंटवारे को लेकर लगातार चर्चा कर रही थी। इस बीच, कांग्रेस की टीएमसी के घोषणा पर प्रतिक्रिया सामने आई है।
कांग्रेस ने सीट बंटवारे को लेकर इच्छा व्यक्त की- जयराम
टीएमसी द्वारा जारी उम्मीदवारों की सूची पर विपक्षी गठबंधन के सहयोगी दल कांग्रेस की प्रतिक्रिया सामने आई है। कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने कहा कि कांग्रेस ने बार-बार टीएमसी के साथ सम्मानजनक सीट बंटवारे को लेकर इच्छा व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि इस तरह के समझौते को बातचीत के जरिए अंतिम रूप दिया जाना चाहिए, न कि एकतरफा घोषणाओं से। कांग्रेस पार्टी हमेशा से चाहती है कि 'इंडिया' गठबंधन एक साथ मिलकर भाजपा से लड़े। गौरतलब है कि दो मार्च को भाजपा ने अपने 195 उम्मीदवारों के नामों के साथ पहली लिस्ट जारी की थी। वहीं कांग्रेस ने भी पहली सूची में 39 उम्मीदवारों का एलान किया था।
मुझे नहीं पता किस दबाव में उन्होंने घोषणा की थी- जयराम
टीएमसी द्वारा पश्चिम बंगाल की सभी 42 लोकसभा सीटों पर अपने उम्मीदवारों की घोषणा करने के बाद कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने कहा कि हमने हमेशा कहा है कि हमारे दरवाजे बातचीत और सीट बंटवारे की चर्चा के लिए खुले हैं, लेकिन सीटों की एकतरफा घोषणा नहीं होनी चाहिए। हमें इसे सामूहिक रूप से एक साथ करना चाहिए जैसा कि हमने तमिलनाडु, महाराष्ट्र में किया है। मुझे नहीं पता कि टीएमसी पर क्या दबाव था लेकिन जहां तक हमारी बात है तो हम पश्चिम बंगाल में 'इंडिया' गठबंधन को मजबूत करना चाहते हैं, खैर आइए देखें क्या होता है।
अरुण गोयल के इस्तीफे पर कांग्रेस ने उठाए सवाल
अरुण गोयल के चुनाव आयुक्त पद से इस्तीफा देने के एक दिन बाद कांग्रेस ने रविवार को पूछा कि क्या उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त या नरेंद्र मोदी सरकार के साथ किसी मतभेद के कारण ऐसा किया है। कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने पूछा कि क्या अरुण गोयल ने व्यक्तिगत कारणों से इस्तीफा दिया है जैसा कि उन्होंने अपने त्याग पत्र में बताया है या कलकत्ता उच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश अभिजीत गंगोपाध्याय की तरह भाजपा के टिकट पर लोकसभा चुनाव लड़ने के लिए इस्तीफा दिया है। कांग्रेस नेता ने कहा कि चुनाव आयोग ने आठ महीने से वोटर वेरिफिएबल पेपर ऑडिट ट्रेल (वीवीपीएटी) के मुद्दे पर भारत की पार्टियों से मिलने से इनकार कर दिया है, जो इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग हेरफेर को रोकने के लिए बहुत जरूरी है।
भाजपा के आगे न झुकने के लिए सलाम- ममता बनर्जी
वहीं ममता बनर्जी ने चुनाव आयुक्त अरुण गोयल के इस्तीफा को लेकर कहा कि मैं उन्हें सलाम करती हूं, क्योंकि वह भाजपा के दबाव के आगे नहीं झुके। ममता बनर्जी में कोलकाता में मेगा रैली के दौरान कहा कि अरुण गोयल का अचानक इस्तीफा साबित करता है कि भाजपा लोकसभा चुनावों में वोट लूटने की कोशिश कर रही है।