केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया
- फोटो : ANI
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने कहा कि केंद्र सरकार की स्वास्थ्य योजना (सीजीएचएस) के स्वास्थ्य केंद्रों की संख्या में तीन गुना वृद्धि हुई है। बुधवार को यह बात उन्होंने असम के सिलचर में एक सीजीएचएस वेलनेस सेंटर के उद्घाटन के दौरान कही। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जरुरतमंदों को सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान कराना चाहते है। जिसकी दिशा में यह एक कदम है।
देश के स्वास्थ्य बुनियादी ढांचे और सीजीएचएस सेवाओं को मजबूत करने के लिए केंद्र सरकार स्वास्थ्य योजना (सीजीएचएस) कल्याण केंद्रों की संख्या में तीन गुना वृद्धि हुई है। मंडाविया ने लाभार्थियों को आसानी से सुलभ गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के लिए केंद्र सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि सिलचर में नया सीजीएचएस केंद्र न केवल सिलचर बल्कि पड़ोसी जिलों करीमगंज और हैलाकांडी में रहने वाले सेवारत और सेवानिवृत्त केंद्र सरकार के कर्मचारियों को स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करेगा।
उन्होंने बताया कि सिलचर बराक घाटी के प्रमुख शहरों में से एक होने के बावजूद लाभार्थियों को आइजोल में सीजीएचएस सुविधाओं का लाभ उठाने के लिए जाना होता था। मरीजों को स्वास्थ्य लाभ लेने के लिए करीब 208 किमी की दूरी तय करनी पड़ती थी। नया वेलनेस सेंटर कई हजारों लाभार्थियों की चिकित्सा जरूरतों को पूरा करेगा। साथ ही इलाज के लिए अब लाभार्थियों को दूर नहीं जाना होगा। पैनल में शामिल अस्पतालों में इलाज की कैशलेस सुविधा मुहैया कराई जाएगी।
मंडाविया ने कहा कि गुवाहाटी और डिब्रूगढ़ के बाद सीजीएचएस की सुविधा वाला सिलचर असम का तीसरा शहर है। सीजीएचएस सेवाओं में सुधार के क्षेत्र में तैयार किए जा रहे 16 नए सीजीएचएस केंद्रों में से एक है। स्वास्थ्य मंत्रालय लाभार्थियों को सीजीएचएस द्वारा प्रदान की जा रही सेवाओं में सुधार के लिए कई मोर्चों पर काम कर रहा है।
मंडाविया ने कहा कि सरकार ने देश में स्वास्थ्य के बुनियादी ढांचे को बढ़ावा देने के लिए कई कदम उठाए हैं। प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत स्वास्थ्य अवसंरचना मिशन के तहत 64,000 करोड़ रुपये, ईसीआरपी-I के तहत 15,000 करोड़ रुपये और राज्यों में स्वास्थ्य के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए ईसीआरपी-II के तहत 23,000 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं।