राज्यसभा में नोटबंदी पर चल रही गर्म बहस के दौरान ही कुछ ऐसा हुआ जब पूरा सदन ठहाकों से गूंज उठा। दरअसल यह सपा के राज्यसभा सांसद नरेश अग्रवाल की एक टिप्पणी की वजह से हुआ। विपक्ष की तरफ से नोटबंदी पर अपनी पार्टी का पक्ष रख रहे नरेश अग्रवाल बातों-बातों में एक मजाकिया बात कह गए।
प्रधानमंत्री पर कटाक्ष करते हुए अग्रवाल ने कहा कि "कुछ लोगों का कहना प्रधानमंत्री ने नोट बंद करते समय अरुण जेटली को भी विश्वास में नहीं लिया। अगर वो अरुण जी को बता देते, तो वो मुझे हिंट दे देते। उनकी इस बात पर सदन ठहाकों से गूंज उठा। खासकर मोदी और जेटली देर तक हंसते रहे।
अग्रवाल ने एक और मौके पर सदन को हंसने का मौका दिया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने गोवा के एक कार्यक्रम में कहा था कि "भ्रष्टाचार विरोधी ताकतें मुझे जीने नहीं देंगी।" इस पर सपा नेता ने कहा कि आप चिंता न करे जब चुनाव में आप प्रचार करने के लिए यूपी आयेंगे तो आपकी सुरक्षा का पुरी तरह ख्याल रखा जाएगा, क्योंकि यूपी की कानून व्यवस्था बढ़िया है।
गुरुवार को राज्यसभा में हुई इस बहस की शुरुआत पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने की। इसके अलावा टीएमसी के डेरेक ओब्राईन और मायावती ने भी अपने विचार रखे। लंच के बाद मोदी के दोबारा से सदन में न आने से विपक्षी पार्टियों ने हंगामा किया और सदन शुक्रवार तक स्थगित हो गई।