ओडिशा में जनगणना का पहला चरण अप्रैल से शुरू होने जा रहा है। इसमें लगभग एक लाख गणनाकर्ताओं को नियुक्त किया जाएगा। वहीं, अंतिम जनसंख्या गणना फरवरी 2027 में शुरू होगी। यह जानकारी एक आधिकारी ने दी।
एक लाख जनगणनाकर्मी और 15,000 पर्यवेक्षक शामिल
कल्याण ने बताया कि इस अभियान के लिए तैयारियां पूरी हो चुकी हैं, जिसमें कम से कम एक लाख जनगणनाकर्मी और 15,000 पर्यवेक्षक शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि एक जनगणनाकर्मी लगभग 200 घरों को कवर करेगा, जिनमें लगभग 800 लोग रहते हैं। उन्होंने कहा कि जनवरी, फरवरी और मार्च में होने वाली जनगणना में शामिल होने वाले गणनाकर्ताओं और अन्य लोगों के लिए प्रशिक्षण आयोजित किया जाएगा, और प्रत्येक गणनाकर्ता को उनकी सेवाओं के लिए 25,000 रुपये का वित्तीय प्रोत्साहन मिलेगा।
90 प्रतिशत डेटा डिजिटल माध्यम से एकत्र किया
आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि भुवनेश्वर और कटक में प्रारंभिक सर्वेक्षण पहले ही पूरे हो चुके हैं। नव घोषित राष्ट्रीय परिषदों (एनएसी) और नगरपालिकाओं की सीमाएं भी अंतिम रूप दे दी गई हैं, इसलिए जनगणना गतिविधियों के सुचारू संचालन में कोई बाधा नहीं है। कल्याण ने बताया कि जनगणना मुख्य रूप से ऑनलाइन ही कराई जाएगी, और लगभग 90 प्रतिशत डेटा डिजिटल माध्यम से एकत्र किया जाएगा। इच्छुक लोग आधिकारिक वेबसाइट पर ओटीपी आधारित मोबाइल सत्यापन प्रणाली का उपयोग करके पंजीकरण कराकर स्वयं भी अपनी जानकारी दे सकते हैं। उन्होंने कहा कि एक मोबाइल नंबर का उपयोग केवल एक बार किया जा सकता है, और डेटा सुरक्षा बनाए रखने के लिए ऐप से स्क्रीनशॉट जैसी सुविधाएं बंद कर दी जाएंगी।